राजधानी भोपाल आज सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (MSME) के बड़े सम्मेलन का गवाह बनने जा रही है। शाम 4 बजे होटल ताज में होने वाले इस आयोजन में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। उनके साथ एमएसएमई मंत्री चेतन्य काश्यप, उद्योग विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और प्रदेशभर के उद्यमी मौजूद रहेंगे। इस कार्यक्रम से राज्य के सभी 52 जिले वर्चुअली जुड़ेंगे, ताकि हर जिले के उद्यमी इस सम्मेलन का हिस्सा बन सकें।
200 करोड़ की सब्सिडी का सिंगल क्लिक ट्रांसफर
कार्यक्रम का सबसे अहम हिस्सा मुख्यमंत्री द्वारा सिंगल क्लिक से 200 करोड़ रुपए की सब्सिडी ट्रांसफर होगा। यह राशि अगस्त 2025 तक की सब्सिडी है, जो राज्य की हजारों एमएसएमई इकाइयों को दी जाएगी। मंत्री चेतन्य कुमार काश्यप ने बताया कि यह पहल “आत्मनिर्भर उद्योग नीति” को मजबूती देने की दिशा में बड़ा कदम है। इससे सूक्ष्म और लघु उद्यमों को वित्तीय राहत मिलेगी और वे उत्पादन बढ़ाने में सक्षम होंगे।
3 नए कार्यालयों का भूमिपूजन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव इस अवसर पर प्रदेश में तीन नए औद्योगिक क्षेत्रों और तीन कार्यालय भवनों का वर्चुअल भूमिपूजन भी करेंगे। इन नए औद्योगिक क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे, सड़कों, बिजली और लॉजिस्टिक सुविधाओं को अत्याधुनिक रूप में तैयार किया जाएगा ताकि निवेशकों को एक बेहतर कारोबारी माहौल मिल सके। यह कदम प्रदेश को नए निवेश और रोजगार सृजन के केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
एमओयू पर हस्ताक्षर
सम्मेलन के दौरान एमएसएमई विभाग और ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स (ONDC) के बीच एमओयू साइन किया जाएगा।
इस समझौते से प्रदेश के छोटे और मध्यम उद्योगों को राष्ट्रीय डिजिटल बाजार से जोड़ने में मदद मिलेगी, जिससे उनके उत्पादों की पहुंच देशभर में आसान होगी।
आज भोपाल में आयोजित ‘एमएसएमई सम्मेलन 2025’ में उद्यमी बंधुओं से संवाद और MSME इकाइयों को ₹200 करोड़ की अनुदान राशि अंतरित करूंगा।
हमारी MSME इकाइयां ‘आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश’ के विजन को निरंतर साकार कर रही हैं। #InvestInMP #FutureReadyMadhyaPradesh pic.twitter.com/0yNQVW2J9O
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) October 13, 2025
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री “मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना” के हितग्राहियों को आर्थिक सहायता और प्रोत्साहन राशि वितरित करेंगे। साथ ही, उद्योग विभाग द्वारा नए उद्यमियों को औद्योगिक क्षेत्रों में प्लॉट आवंटन प्रमाण पत्र भी सौंपे जाएंगे।
शेयर करेंगे अनुभव
सम्मेलन में युवा स्टार्टअप उद्यमी अपने अनुभव और सफल बिजनेस मॉडल साझा करेंगे। मुख्यमंत्री उनसे संवाद भी करेंगे और राज्य में नवाचार को बढ़ावा देने के लिए विशेष प्रोत्साहन योजनाओं की रूपरेखा पर संकेत दे सकते हैं।
