भोपाल | राजधानी भोपाल के सबसे व्यस्त चौराहों में से एक बोर्ड ऑफिस क्षेत्र में सड़क धंसने की घटना के बाद कांग्रेस ने प्रदेश सरकार पर तीखा हमला बोला है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा है कि “प्रदेश की सड़कें अब विकास का प्रतीक नहीं, भ्रष्टाचार की दरार बन चुकी हैं।”
तेज बारिश के बाद एमपी नगर जाने वाली मुख्य सड़क का एक हिस्सा अचानक धंस गया। लगभग 10 फीट गहरे और 10 फीट चौड़े इस गड्ढे से बड़ा हादसा टल गया, क्योंकि उस वक्त सड़क पर कोई वाहन नहीं था। कांग्रेस नेताओं ने घटनास्थल पर प्रदर्शन कर इसे ‘सरकारी लापरवाही’ और ‘पीडब्ल्यूडी की नाकामी’ बताया।
‘सड़क नहीं, शासन व्यवस्था धंसी है’- कांग्रेस
प्रेस विज्ञप्ति में कांग्रेस प्रवक्ता प्रवीण धौलपुरे और जीतू पटवारी ने कहा कि यह केवल एक भौतिक घटना नहीं, बल्कि राज्य की निर्माण व्यवस्था, गुणवत्ता निगरानी और जवाबदेही की असफलता का संकेत है। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि “सड़कों पर घटिया सामग्री का इस्तेमाल, कमीशनखोरी और अफसरों की मिलीभगत इस हादसे के लिए जिम्मेदार है।”
पटवारी ने मुख्यमंत्री मोहन यादव और पीडब्ल्यूडी मंत्री राकेश सिंह को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि “जब राजधानी की मुख्य सड़कें इस हाल में हैं, तो ग्रामीण क्षेत्रों की हालत का अंदाजा लगाया जा सकता है।”
प्रदेशभर से टूट-फूट की तस्वीरें
कांग्रेस ने प्रदेश के अन्य जिलों की स्थिति का भी उल्लेख किया है। इंदौर में बीआरटीएस मार्ग पर दुर्घटनाएं, ग्वालियर में बारिश में झील बनती सड़कें, जबलपुर में पुल-पुलियों का ढहना, और बुंदेलखंड-रीवा-सतना अंचलों में खस्ताहाल ग्रामीण संपर्क मार्ग — इन सबको एक व्यापक विफलता का उदाहरण बताया गया है।
मुख्यमंत्री जी,
भोपाल में आपकी #PWD ने फिर “गौरव-पथ” से रूबरू करवा दिया है! यह गड्ढा भी 08 फीट का है! प्रगति की इस गति से प्रदेश स्तब्ध है!@DrMohanYadav51 pic.twitter.com/jjqr6VczqA— Jitendra (Jitu) Patwari (@jitupatwari) July 17, 2025
भ्रष्टाचार के आरोप और RTI आंकड़े
दावा किया गया है कि वर्ष 2018 से 2024 के बीच प्रदेश में ₹45,000 करोड़ से अधिक सड़क निर्माण पर खर्च किए गए, लेकिन 80% ग्रामीण सड़कें दो साल से पहले ही खराब हो गईं। कांग्रेस ने यह भी आरोप लगाया कि अधिकांश टेंडर एक ही ठेकेदार समूह को दिए गए, और कई जिलों में EOW व लोकायुक्त जांचों में अनियमितता की पुष्टि हुई है।
जनता के सवालों का कौन देगा जवाब?
पटवारी ने सवाल उठाया कि “क्या जनता के टैक्स का पैसा सड़कों में गया या भ्रष्टाचारियों की जेब में?” उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को हर स्तर पर उठाएगी और सड़क सुरक्षा को लेकर जवाबदेही तय की जानी चाहिए।
