शिक्षण सत्र 2025-26 में होने वाली हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी परीक्षाओं को लेकर परीक्षा बोर्ड ने विद्यार्थियों को बड़ी राहत दी है। ऑनलाइन परीक्षा फॉर्म भरते समय जिन छात्रों से विषय चयन में गलती हो गई थी, उन्हें अब सुधार का अतिरिक्त अवसर मिल गया है। बोर्ड ने विषय संशोधन की अंतिम तारीख बढ़ाकर 10 जनवरी 2026 कर दी है। इससे पहले बोर्ड की ओर से विषयों में ऑनलाइन सुधार की सुविधा 21 दिसंबर 2025 तक उपलब्ध कराई गई थी। उस दौरान विद्यार्थियों को प्रति विषय 500 रुपये का अर्थदंड देकर संशोधन करना था। तय समय सीमा निकल जाने के बाद भी बड़ी संख्या में छात्र ऐसे थे, जो किसी न किसी कारणवश अपने विषयों की त्रुटि ठीक नहीं करा पाए थे।
बोर्ड अधिकारियों के अनुसार, यह फैसला पूरी तरह छात्रहित को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। कई स्कूलों और अभिभावकों की ओर से विषय संशोधन की अवधि बढ़ाने की मांग की जा रही थी। इसे देखते हुए बोर्ड ने एक बार फिर ऑनलाइन सुधार की सुविधा देने का निर्णय लिया, ताकि किसी भी विद्यार्थी का भविष्य विषय संबंधी गलती की वजह से प्रभावित न हो।
विद्यार्थियों को बड़ी राहत
बढ़ी हुई अवधि के दौरान छात्र बोर्ड की ऑनलाइन प्रणाली के माध्यम से अपने विषयों में आवश्यक बदलाव कर सकेंगे। इसके लिए उन्हें निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना होगा। बोर्ड ने छात्रों को सलाह दी है कि वे संशोधन करने से पहले अपने विषयों की पूरी जानकारी अच्छे से जांच लें, ताकि दोबारा गलती न हो। विषय संशोधन की तारीख बढ़ाए जाने की सूचना सभी स्कूलों और शिक्षण संस्थानों को भी दे दी गई है। स्कूल प्रबंधन से कहा गया है कि वे अपने छात्रों को समय रहते इस फैसले की जानकारी दें और जरूरत पड़ने पर तकनीकी सहायता भी उपलब्ध कराएं।
लापरवाही न बरतने की अपील
बोर्ड ने साफ किया है कि 10 जनवरी 2026 के बाद विषय संशोधन का कोई और मौका नहीं दिया जाएगा। ऐसे में विद्यार्थियों से अपील की गई है कि वे अंतिम तारीख का इंतजार किए बिना जल्द से जल्द अपनी प्रविष्टियों की जांच कर आवश्यक सुधार कर लें, ताकि परीक्षा के समय किसी प्रकार की परेशानी न हो।
