भोपाल | मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज रवीन्द्र भवन, भोपाल में आयोजित राज्य स्तरीय वृहद नशा मुक्ति शपथ ग्रहण समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस अवसर पर उन्होंने वर्ष 2023-24 के विवेकानंद नशामुक्ति पुरस्कार प्रदान किए और समाज में नशामुक्ति के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
नशे से दूरी है जरूरी
कार्यक्रम की शुरुआत में उपस्थित लोगों ने ‘नशे से दूरी है जरूरी’ का संकल्प लिया। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि नशा समाज, परिवार और व्यक्ति तीनों के लिए विनाशकारी है, इसलिए युवाओं को इससे बचाने के लिए जनजागरण आवश्यक है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार नशामुक्ति अभियान को व्यापक स्तर पर चला रही है और इसे जनभागीदारी से और प्रभावी बनाया जाएगा।
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के अंतर्गत प्रदेश के 56.52 लाख से अधिक हितग्राहियों को ₹339 करोड़ की राशि का सिंगल क्लिक से अंतरण किया। उन्होंने कहा कि यह पेंशन राशि वृद्धजनों, विधवाओं और दिव्यांगजनों जैसे जरूरतमंद वर्गों के जीवन में आर्थिक सहारा प्रदान करेगी।
जन-जन के कल्याण के लिए समर्पित
मध्यप्रदेश सरकारमुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविंद्र भवन भोपाल में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश के 56.52 लाख से अधिक हितग्राहियों को ₹339 करोड़ की सामाजिक सुरक्षा पेंशन का सिंगल क्लिक के माध्यम से अंतरण किया।@DrMohanYadav51 @socialwelfaremp… pic.twitter.com/pW3dDu550m
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) August 13, 2025
ये लोग हुए शामिल
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में पुरस्कार प्राप्तकर्ताओं की सराहना करते हुए कहा कि जो लोग समाज में नशामुक्ति के लिए काम कर रहे हैं, वे वास्तव में मानवता की सेवा कर रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि नशामुक्ति के प्रयासों को गांव-गांव और मोहल्लों तक पहुँचाया जाए, ताकि समाज से नशे का दुष्चक्र समाप्त किया जा सके।
रवीन्द्र भवन में आयोजित इस समारोह में बड़ी संख्या में सामाजिक संगठनों, विद्यार्थियों और आम नागरिकों ने भाग लिया। मंच पर सामाजिक न्याय विभाग और नशामुक्ति अभियान से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने एक स्वर में नशामुक्त प्रदेश बनाने का संकल्प दोहराया।
