भोपाल संभाग के कमिश्नर संजीव सिंह ने अधिकारियों को चेतावनी भरे अंदाज़ में कहा है कि CM हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों को लटकाकर न रखें। खासकर वे शिकायतें जो 100 दिन से ज्यादा समय से लंबित हैं, उन पर तुरंत कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि जनता की शिकायतों का समय पर समाधान होना ही प्रशासन की असली जिम्मेदारी है। शुक्रवार को कमिश्नर कार्यालय के सभागार में समय-सीमा पत्रों की समीक्षा बैठक हुई। इस दौरान संयुक्त आयुक्त (विकास) विनोद यादव, उपायुक्त (राजस्व) किरण गुप्ता समेत कई विभागों के अधिकारी मौजूद थे। बैठक में अलग-अलग विभागों की शिकायतों और योजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई।
संभागायुक्त सिंह ने कहा कि कुछ विभाग शिकायतों पर ठीक से फॉलोअप नहीं कर रहे हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर किसी भी शिकायत पर जानबूझकर लापरवाही बरती गई तो जिम्मेदार अफसर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि हेल्पलाइन में दर्ज हर शिकायत को गंभीरता से लें और समयसीमा में समाधान सुनिश्चित करें।
खनिज विभाग पर खास जोर
बैठक में सिंह ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि प्रसूति सहायता योजना से जुड़ी किसी भी महिला को लाभ पाने में देरी न हो। खनिज विभाग को अवैध उत्खनन और ट्रांसपोर्ट के मामलों को जल्द निपटाने को कहा गया। कृषि विभाग को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के पंजीकरण से जुड़ी शिकायतों का तुरंत निपटारा करने के आदेश दिए गए। लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिया गया कि जिन सड़कों की हालत खराब है, उनकी मरम्मत तुरंत शुरू करें। कमिश्नर ने कहा कि अधिकारी सिर्फ कागज़ी कार्यवाही में न उलझें, बल्कि जमीन पर काम दिखना चाहिए। उन्होंने कहा कि जनता को शासन की योजनाओं का फायदा सही समय पर मिलना चाहिए।
ब्लॉक स्तर पर होगी अलग समीक्षा
संभागायुक्त ने बताया कि अब कलेक्टर- कमिश्नर कॉन्फ्रेंस के बिंदुओं की समीक्षा ब्लॉक स्तर तक की जाएगी। उन्होंने पशुपालन विभाग और भोपाल दुग्ध संघ को भी हितग्राहियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए सक्रिय रहने को कहा। बैठक की शुरुआत सुबह 11 बजे राष्ट्रीय एकता दिवस की शपथ के साथ हुई। कमिश्नर सिंह ने अधिकारियों और कर्मचारियों को देश की एकता, अखंडता और सुरक्षा के लिए समर्पित रहने की शपथ दिलाई।
संभागायुक्त का सख्त संदेश
बैठक खत्म करते हुए संजीव सिंह ने कहा, “शासन की योजनाओं का असर तभी दिखेगा, जब अधिकारी ईमानदारी से जनता के बीच जाकर काम करेंगे। शिकायतें लटकाना अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
