MP में जल जीवन मिशन के अधूरे कामों को पूरा करने के लिए अब प्रदेश सरकार खुद खर्च वहन करेगी। केंद्र सरकार ने अधूरी योजनाओं के लिए फंड देने से इनकार कर दिया है। इस स्थिति में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में 8358 अधूरी नल-जल योजनाओं को पूरा करने का निर्णय लिया गया। इन योजनाओं को पूरा करने के लिए राज्य सरकार 9026.97 करोड़ रुपए का बड़ा खर्च उठाएगी। यह कदम ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
बैठक में सड़कों के निर्माण से जुड़े कई अहम प्रस्ताव भी पास हुए। इंदौर से उज्जैन तक 48 किमी लंबा नया ग्रीनफील्ड फोरलेन रोड अब हाइब्रिड एन्युइटी मॉडल पर बनाया जाएगा। लागत बढ़कर 2935.15 करोड़ रुपए हो जाने के कारण यह बदलाव किया गया है। सड़क पर सर्विस रोड, फ्लाईओवर, अंडरपास और जंक्शन बनाए जाएंगे और काम 17 महीने में पूरा होगा।
हाइब्रिड एन्युइटी मॉडल
नर्मदापुरम से टिमरनी तक 72 किमी लंबी सड़क भी हाइब्रिड एन्युइटी मॉडल पर बनाई जाएगी, जिसकी लागत 972.16 करोड़ तय की गई है। वहीं, उज्जैन के हरिफाटक आरओबी को सिंहस्थ को देखते हुए फोरलेन किया जाएगा, जिसके लिए 371 करोड़ रुपए की मंजूरी मिल गई है।
कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय
प्रदेश में ‘जल जीवन मिशन” अंतर्गत पुनरीक्षित योजनाओं में प्रस्तावित लागत में वृद्धि राशि 2 हजार 813 करोड़ 21 लाख रुपये राज्य सरकार द्वारा वहन किए जाने का अनुमोदन @DrMohanYadav51 #CabinetDecisionMP #CMMadhyaPradesh pic.twitter.com/cY5uljAUb1
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) September 2, 2025
खेलों के क्षेत्र में भी बड़ा फैसला हुआ। शहडोल के फुटबॉल खिलाड़ियों को जर्मनी में ट्रेनिंग दिलाई जाएगी। पीएम नरेंद्र मोदी की ‘मन की बात’ में खिलाड़ियों की चर्चा होने के बाद जर्मनी के एक फुटबॉलर ने कोचिंग देने की इच्छा जताई थी। सरकार अब इन खिलाड़ियों को विदेश भेजने की तैयारी कर रही है।
रोड शो
इसके अलावा 3 सितंबर को धार जिले में केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह पीएम मित्रा पार्क में रोड शो करेंगे। यहां टेक्सटाइल उद्योग से जुड़े निवेशक शामिल होंगे। ‘पहले आओ, पहले पाओ’ के आधार पर भूमि आवंटन किया जाएगा। अनुमान है कि दो हजार करोड़ से अधिक की लागत लगेगी और तीन लाख प्रत्यक्ष व एक लाख अप्रत्यक्ष रोजगार सृजन होगा।
बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वैदिक घड़ी का लोकार्पण भी किया। उन्होंने कहा कि उज्जैन कालगणना का केंद्र है और अब देश में वैदिक घड़ी उपलब्ध कराई जाएगी। इसका मोबाइल एप भी तैयार किया गया है, जिससे वर्तमान और वैदिक समय का अंतर पता चलेगा।
ग्वालियर को बड़ी सौगात
पर्यटन के क्षेत्र में भी ग्वालियर को बड़ी सौगात मिली। ग्वालियर पर्यटन कॉन्क्लेव में 3200 करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव आए हैं। इसमें 20 से अधिक निवेशक शामिल हुए हैं, जिनमें से एक हजार करोड़ का निवेश प्रस्ताव सचिन गुप्ता ने दिया है। सरकार का मानना है कि इन निवेशों से ग्वालियर और आसपास के क्षेत्रों में पर्यटन को नई पहचान मिलेगी।
