, ,

भोपाल के मछली परिवार पर बवाल, विपक्ष ने बीजेपी को घेरा; सपा प्रदेशाध्यक्ष बोले- “कार्रवाई दिखावटी”

Author Picture
Published On: 9 September 2025

राजधानी भोपाल में ड्रग्स, रेप-लव जिहाद और अवैध कब्जों से जुड़े हाईप्रोफाइल मछली परिवार पर कार्रवाई के बाद अब सियासत गरमा गई है। समाजवादी पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष डॉ. मनोज यादव ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि “सूत्रों से पता चला है कि एक मंत्री के बच्चों की फीस भी शारिक मछली के खाते से भरी जाती थी। आखिरकार इन खातों की जांच अब तक क्यों नहीं हुई? यह बड़ा सवाल है।”

सपा ने कही ये बात

मनोज यादव ने मंत्री विश्वास सारंग का नाम घसीटते हुए कहा कि सरकार ने शारिक मछली पर कार्रवाई कर सिर्फ दिखावा किया है। शारिक के भाई शहरयार मछली को पार्टी से निकाला नहीं गया, बल्कि उसका इस्तीफा लिया गया। सरकार असल में उन लोगों को बचा रही है जो इन अवैध धंधों के पीछे हैं।

उन्होंने सवाल उठाया कि जिन अवैध कॉलोनियों को शारिक और उसका परिवार काट रहा था, उन पर अब तक क्यों कार्रवाई नहीं की गई। यादव बोले, “शारिक का कारोबार मछली पालन का था। कलेक्टर ने उसकी समिति को पहले ही अवैध घोषित कर दिया था, फिर 15 साल से उसका धंधा कैसे चल रहा था? इसमें सिस्टम की मिलीभगत साफ नजर आती है।”

पूरा मामला क्या है?

दरअसल, शारिक मछली और उसके परिवार पर ड्रग तस्करी, रेप और अवैध कब्जों के आरोप लंबे समय से लगते रहे हैं। जुलाई में उसका भाई शाहवर और भतीजा यासीन ड्रग्स तस्करी में पकड़े गए थे। यासीन के मोबाइल से कई महिलाओं और लड़कियों के आपत्तिजनक वीडियो और फोटो मिले थे। इसके बाद कुछ पीड़िताओं ने सामने आकर रेप और पाक्सो एक्ट में केस दर्ज कराए। हाल ही में प्रशासन ने शारिक मछली की करीब 100 करोड़ रुपए की सात अवैध संपत्तियों को ढहा दिया था।

“मछली के पीछे असली मगरमच्छ”

मनोज यादव ने इस कार्रवाई को अधूरा बताते हुए कहा, “सिर्फ मछली को निशाना बनाया जा रहा है, जबकि उसके पीछे असली मगरमच्छ छिपे बैठे हैं। ये वही लोग हैं जो मंत्री की कारों में घूमते हैं, बुलेट पर पीछे बैठकर सेल्फी खिंचवाते हैं। उन पर कब कार्रवाई होगी?” उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान ‘न खाऊंगा न खाने दूंगा’ का हवाला देते हुए कहा कि बीजेपी उसी वादे का पालन नहीं कर रही।

मंत्रियों पर सवाल

सपा प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि जिन मंत्रियों पर पहले भी आरोप लगे थे, वे आज भी पद पर जमे हुए हैं। “मुख्यमंत्री जी, आपने कार्रवाई की इसके लिए धन्यवाद, लेकिन असली जिम्मेदारों को कब पकड़ेंगे? क्या सिर्फ एक मोहरे को कुर्बान करके असली खिलाड़ियों को बचाया जाएगा?”

विपक्ष का तीखा हमला

मनोज यादव ने मांग की कि जिन मंत्रियों पर आरोप लग रहे हैं, उनसे पहले इस्तीफा लिया जाए और फिर निष्पक्ष जांच हो। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार भोपाल के इस बड़े कांड में सिर्फ छोटे चेहरों को सामने लाकर दिखावा कर रही है, जबकि असली ताकतवर लोगों को बचाया जा रहा है। कुल मिलाकर, मछली परिवार के खिलाफ हुई कार्रवाई के बाद सियासत और तेज हो गई है।

Related News
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp