मुरैना जिले के कैलारस थाना क्षेत्र में एक विवादित घटना सामने आई है। आरोप है कि पुलिस ने 73 वर्षीय बुजुर्ग गोपाल सिंह धाकड़ को घर से उठाकर थाने में पांच घंटे तक बिठाया। मामला एक रेप केस से जुड़ा था, जिसमें पोते पर शिकायत दर्ज हुई थी।
परिवार ने ग्वालियर हाईकोर्ट की महिला वकील अल्पना सिकरवार से संपर्क किया। वकील थाने पहुंची और एसआई मनोज यादव से बुजुर्ग को थाने लाने का कारण और कानूनी आधार पूछा। इस पर एसआई ने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया और अभद्रता करते हुए कहा, “हाईकोर्ट से ही पूछ लेना। मैं लाया हूं, कारण बताने की जरूरत नहीं।”
कैलारस थाने में बातचीत का वीडियो
घटना का पूरा वीडियो कैमरे में रिकॉर्ड हो गया है। वीडियो में देखा जा सकता है कि वकील लगातार एसआई से सवाल करती हैं, लेकिन एसआई जवाब देने से इंकार कर देते हैं। प्रधान आरक्षक पंचम बीच में आने के बावजूद स्थिति शांत नहीं हुई। वीडियो में एसआई ने महिला वकील से तंज करते हुए कहा, “छोड़ो, क्यों तेल लगा रहे हो।”
वीडियो और परिवार की शिकायत के अनुसार, एसआई की अभद्रता के बाद भी मामला लंबित रहा और बुजुर्ग गोपाल सिंह धाकड़ को आखिरकार रात में छोड़ना पड़ा। घटना ने पुलिस विभाग के रवैये पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
परिवार की प्रतिक्रिया
परिवार ने इस कार्रवाई को अत्यंत अनुचित बताया। उनका कहना है कि बुजुर्ग को बिना किसी स्पष्ट कानूनी कारण के थाने में रखना और अभद्र व्यवहार करना पूरी तरह गलत है। उन्होंने न्यायिक कार्रवाई की मांग की है।
वकील अल्पना सिकरवार ने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं न्याय व्यवस्था और मानवाधिकारों की धज्जियां उड़ाती हैं। उन्होंने कहा कि बुजुर्ग को थाने लाने का कानूनी आधार स्पष्ट होना चाहिए था और पुलिस की जिम्मेदारी है कि वे हर सवाल का जवाब दें। इस घटना के सार्वजनिक होने के बाद उच्च अधिकारियों ने जांच शुरू कर दी है। एसआई मनोज यादव के खिलाफ कार्रवाई की संभावना पर भी चर्चा हो रही है।
