इंदौर के रावजी बाजार इलाके में शुक्रवार रात एक हृदयविदारक घटना सामने आई। पत्नी से विवाद के बाद एक युवक ने अपने दो छोटे बच्चों के सामने फांसी लगाकर जान दे दी। मासूम बच्चे पिता को रोकने की कोशिश करते रहे, लेकिन कुछ ही पलों में घर का माहौल मातम में बदल गया। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और सन्नाटा छा गया।
बताया जा रहा है कि युवक के फंदे पर लटकने के दौरान दोनों छोटे बेटे रोते हुए उसके पैर पकड़कर उसे रोकने की गुहार लगाते रहे। बच्चों की चीख-पुकार सुनकर पड़ोसी मौके पर पहुंचे। जब काफी देर तक दरवाजा नहीं खुला तो लोगों ने गेट तोड़ दिया। अंदर का दृश्य देखकर सभी सन्न रह गए। युवक फंदे पर झूल रहा था और बच्चे सहमे हुए कोने में रो रहे थे। सूचना मिलते ही पुलिस पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए एमवाय अस्पताल भेजा गया।
इंदौर: होटल में करता था काम
रावजी बाजार थाना पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान मनोज पिता कल्याण जाटव निवासी राधा गोविंद का बगीचा के रूप में हुई है। वह किराए के मकान में रहता था और सरवटे बस स्टैंड के पास एक होटल में खाना बनाने का काम करता था। परिवार की जिम्मेदारी उसी के कंधों पर थी।
मृतक के साले भूरा जाटव ने बताया कि शुक्रवार रात पत्नी से किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद पत्नी एक साल की बेटी को लेकर रिश्तेदार के यहां चली गई थी। परिजनों के अनुसार वे मनोज से मिलने भी पहुंचे थे और कुछ देर बाद वहां से लौट गए। घटना के समय घर में तीन साल और दो साल के दो बेटे मौजूद थे।
मामले की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि पारिवारिक विवाद की दिशा में जांच की जा रही है। मोबाइल कॉल डिटेल और अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जाएगी। यह घटना पारिवारिक तनाव और मानसिक दबाव के गंभीर परिणामों की ओर इशारा करती है। विशेषज्ञों का कहना है कि कठिन परिस्थितियों में संवाद और परामर्श बेहद जरूरी है।
