दिल्ली में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन से जुड़े लंबित चालानों से परेशान वाहन चालकों के लिए राहत की खबर है। 14 फरवरी 2026 को राजधानी के सात कोर्ट परिसरों में विशेष ट्रैफिक लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा, जहां लोग कम जुर्माने के साथ अपने पुराने चालानों का निपटारा करा सकेंगे। यह लोक अदालत सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक पटियाला हाउस, कड़कड़डूमा, तीस हजारी, साकेत, रोहिणी, द्वारका और राउज एवेन्यू कोर्ट परिसरों में लगेगी। दिल्ली पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस मौके का लाभ उठाकर अपने लंबित चालानों का समाधान कराएं, जिससे उन्हें आर्थिक राहत मिल सके।
दिल्ली में 14 फरवरी 2026 को विशेष ट्रैफिक लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा, जहां लंबित ट्रैफिक चालानों का निपटारा कम जुर्माने पर किया जा सकेगा। यह लोक अदालत पटियाला हाउस कोर्ट सहित शहर के सात कोर्ट परिसरों में सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगी।
लोक अदालत में सुलझेंगे ट्रैफिक केस
ट्रैफिक चालान से परेशान वाहन चालकों के लिए राहत भरी खबर है। लंबित ट्रैफिक चालानों के निपटारे के लिए जल्द ही लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है, जहां लोग अपने चालान का आसान और त्वरित समाधान करा सकेंगे। लोक अदालत में मामलों का निपटारा आपसी सहमति से किया जाता है, जिससे न सिर्फ समय की बचत होती है बल्कि कई मामलों में जुर्माने में राहत भी मिल सकती है। इस दिन लोग बिना किसी जटिल कानूनी प्रक्रिया के अपने ट्रैफिक चालान का निपटारा कर पाएंगे, जिससे आम जनता को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
वाहन चालकों को मिलेगी जुर्माने में छूट
विशेष लोक अदालत में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन से जुड़े मामलों में वाहन चालकों को राहत मिलने की संभावना है। इस दौरान तेज रफ्तार से गाड़ी चलाना, हेलमेट या सीट बेल्ट न लगाना, रेड लाइट पार करना, बिना वैध पीयूसी प्रमाणपत्र के वाहन चलाना, गलत पार्किंग करना, ट्रैफिक संकेतों की अनदेखी करना और फर्जी या गलत नंबर प्लेट जैसे मामलों की सुनवाई की जाएगी। इन मामलों में जुर्माने की राशि में आंशिक छूट दी जा सकती है, जिससे लोगों को आर्थिक राहत मिलेगी और लंबित चालानों का निपटारा आसान हो सकेगा।
ऑनलाइन पंजीकरण है अनिवार्य
लोक अदालत में शामिल होने के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कराना अनिवार्य कर दिया गया है। इसके तहत वाहन चालकों को दिल्ली ट्रैफिक पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट या जारी किए गए क्यूआर कोड के जरिए अपना चालान डाउनलोड करना होगा। चालान डाउनलोड करने की सुविधा 9 फरवरी 2026 से शुरू हो चुकी है। प्रशासन ने साफ किया है कि प्रतिदिन अधिकतम 50,000 चालान ही डाउनलोड किए जा सकेंगे, जबकि कुल मिलाकर 2 लाख चालानों की सीमा तय की गई है। ऐसे में जो लोग लोक अदालत में अपने मामलों का निपटारा कराना चाहते हैं, उन्हें समय रहते पंजीकरण प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी गई है।
जरूरी दस्तावेज
- ऑनलाइन पंजीकरण और चालान डाउनलोड करने की प्रक्रिया पूरी करने के बाद आवेदक को एक टोकन नंबर एसएमएस या ईमेल के माध्यम से भेजा जाएगा।
- लोक अदालत में निर्धारित तिथि पर उपस्थित होते समय चालान या नोटिस की प्रिंट कॉपी साथ लाना अनिवार्य होगा।
- इसके साथ ही वाहन से जुड़े जरूरी दस्तावेज जैसे रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी), ड्राइविंग लाइसेंस, बीमा प्रमाणपत्र और प्रदूषण प्रमाणपत्र (PUC) भी साथ रखना जरूरी है।
- ताकि प्रक्रिया में किसी तरह की परेशानी न हो।
