इंदौर | मध्य प्रदेश के इंदौर में मंगलवार को नगर निगम की रिमूवल टीम ने शहर के दो अलग-अलग इलाकों में बड़ी कार्रवाई करते हुए जर्जर मकानों को ढहा दिया। बारिश के मौसम में ऐसे खतरनाक भवनों को हटाने की मुहिम को निगम ने तेज कर दिया है, ताकि हादसों से बचा जा सके। इस क्रम में आज जेल रोड और सदर बाजार इलाकों में दो जर्जर मकानों को पूरी तरह से जमींदोज किया गया।
की गई कार्रवाई
नगर निगम की टीम सबसे पहले जेल रोड क्षेत्र में पहुंची। यहां हेमंत चिंतामण पाठक के बेहद खस्ताहाल मकान को चिन्हित किया गया था। मौके पर पहुंचने से पहले निगम की टीम ने आसपास के रास्तों को पूरी तरह बंद कर दिया ताकि कोई अनहोनी न हो। इसके बाद भारी पोकलेन मशीन की मदद से मकान को ढहाने की प्रक्रिया शुरू हुई। पूरी कार्रवाई में भवन अधिकारी अश्विनी जनवदे और सहायक रिमूवल अधिकारी बबलू कल्याणे की निगरानी में निगम और पुलिस का स्टाफ मुस्तैद रहा।
सदर बाजार में भी चला बुलडोजर
जेल रोड के बाद निगम की टीम ने अपना रुख सदर बाजार की ओर किया। यहां भी एक पुराना और जर्जर मकान निगम की रडार पर था, जो सालों से खतरनाक स्थिति में खड़ा था। टीम ने यहां भी पहले सुरक्षा उपायों को अमल में लाते हुए इलाके की आवाजाही को पूरी तरह रोका और फिर जेसीबी मशीन से मकान को ढहा दिया।
आयुक्त श्री शिवम वर्मा के निर्देश पर नगर निगम द्वारा खतरनाक एवं जर्जर भवनों को हटाने की कार्यवाही सतत जारी है। इसी क्रम में आज देवी अहिल्या मार्ग, जेल रोड स्थित हेमंत चिंतामण पाठक के वर्षो पुराने जर्जर मकान को जनहित में हटाया गया। pic.twitter.com/9C84kZhGFK
— Indore Municipal Corporation (@SwachhIndore) July 29, 2025
आयुक्त के निर्देश पर चल रही मुहिम
नगर निगम आयुक्त शिवम वर्मा के निर्देश पर यह अभियान पूरे शहर में चलाया जा रहा है। बारिश के मौसम में कमजोर और जर्जर भवन हादसों का कारण बन सकते हैं, ऐसे में निगम का मकसद है कि समय रहते इन्हें हटाकर लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
निगम सूत्रों के मुताबिक, यह सिर्फ शुरुआत है। शहर के अन्य इलाकों में भी ऐसे खतरनाक भवनों की पहचान कर उन्हें गिराने की तैयारी है। नगर निगम की अपील है कि जिनके भवन जर्जर हो चुके हैं, वे स्वेच्छा से उन्हें हटवा लें, ताकि किसी बड़ी दुर्घटना से बचा जा सके।
