भोपाल के बरकतुल्लाह यूनिवर्सिटी में शनिवार को विज्ञान मेला आयोजित किया गया, जिसमें स्कूल और यूनिवर्सिटी के छात्र-छात्राओं ने अपने प्रोजेक्ट प्रदर्शित किए। इस मेले में गैस सिलेंडर सुरक्षा, सस्ता देशी रेफ्रिजरेटर, स्मार्ट फार्मिंग जैसी विभिन्न इनोवेशन पर आधारित परियोजनाओं को छात्रों ने प्रस्तुत किया। विज्ञान मेला युवा प्रतिभाओं को अपने आइडियाज दिखाने का मंच प्रदान करता है और उनकी शोध एवं नवाचार क्षमता को प्रोत्साहित करता है।
आकर्षित हुए दर्शक
इस अवसर पर फॉर्मेसी विभाग के छात्रों अब्दुल राजिक और पंकज कुमार प्रजापति ने इंस्टेंट एनर्जी ड्रिंक का प्रोजेक्ट प्रदर्शित किया। छात्रों ने बताया कि इस ड्रिंक में कम मात्रा में क्रिएटिन और कैफीन का मिश्रण किया गया है ताकि इसके साइड इफेक्ट न्यूनतम हों। यह ड्रिंक केवल दो मिनट में तैयार हो जाती है और खेलकूद में लगे एथलीटों, जिम करने वालों और किसी भी परिस्थिति में पानी की कमी महसूस करने वाले लोगों के लिए फायदेमंद है।
सेहतमंद विकल्प के रूप में तैयार
अब्दुल और पंकज ने कहा कि बाजार में उपलब्ध अधिकांश एनर्जी ड्रिंक में स्वास्थ्य के लिए हानिकारक तत्व होते हैं। उनके प्रोजेक्ट का उद्देश्य लोगों को सुरक्षित और सेहतमंद विकल्प प्रदान करना है। छात्रों ने भारतीय फार्मा के संदर्भ से ड्रिंक तैयार की है, जिससे इसकी विश्वसनीयता और उपयोगिता बढ़ती है।
पेटेंट के लिए कदम
दोनों छात्रों ने यह भी बताया कि वे इस इंस्टेंट एनर्जी ड्रिंक का पेटेंट कराएंगे। उनका उद्देश्य है कि मार्केट में मौजूद हानिकारक एनर्जी ड्रिंक के स्थान पर यह सुरक्षित विकल्प लोगों को उपलब्ध कराया जा सके। पेटेंट प्रक्रिया पूरी होने के बाद इस ड्रिंक का उत्पादन व वितरण बड़े स्तर पर किया जाएगा, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इसका लाभ उठा सकें।
बढ़ रही नवाचार की भावना
साइंस एग्जिबिशन में अब्दुल और पंकज के प्रोजेक्ट ने दर्शकों और शिक्षकों का ध्यान आकर्षित किया। विज्ञान मेला छात्रों को अपने आइडियाज को प्रदर्शित करने, टीमवर्क और रचनात्मक सोच को बढ़ावा देने का अवसर देता है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी छात्रों के इन प्रयासों की सराहना की और भविष्य में ऐसे और प्रोजेक्ट्स के लिए प्रोत्साहित करने का आश्वासन दिया।
इस तरह, बरकतुल्लाह यूनिवर्सिटी का विज्ञान मेला युवा प्रतिभाओं को न केवल अपनी खोज और नवाचार दिखाने का मौका देता है, बल्कि समाज के लिए उपयोगी और सुरक्षित तकनीकों को बढ़ावा देने का भी मंच बनता है।
