अमित शाह के भाषण की पीएम मोदी ने की खुलेआम तारीफ, विपक्ष हुआ चुप

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Published On: 11 December 2025

संसद के शीतकालीन सत्र में चुनाव सुधारों पर जोरदार बहस हुई, जिसमें गृह मंत्री अमित शाह ने सरकार की ओर से विस्तृत जवाब प्रस्तुत किया। उनके भाषण की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुले तौर पर सराहना की और इसे विपक्ष को घेरने वाले “तथ्यपूर्ण और मजबूत” तर्कों के रूप में बताया। संसद के शीतकालीन सत्र में बुधवार को चुनाव सुधारों पर गहन बहस हुई। सरकार की ओर से गृह मंत्री अमित शाह ने विस्तृत जवाब प्रस्तुत किए, जिनकी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुले तौर पर सराहना की ।

मोदी ने शाह के भाषण की की तारीफ

संसद के शीतकालीन सत्र में चुनाव सुधारों पर हुई बहस के दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने विस्तृत जवाब दिया। उनके भाषण में मतदाता सूची सुधार, चुनाव आयोग की भूमिका और चुनावी पारदर्शिता जैसे मुद्दों पर ठोस तथ्यों के साथ विस्तार से प्रकाश डाला गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शाह के इस भाषण की खुले तौर पर तारीफ की और इसे “तथ्यपूर्ण और मजबूत” बताया, साथ ही विपक्ष के दावों का पर्दाफाश करने वाले उनके तर्कों की सराहना की।

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गलतफहमी का किया खंडन

लोकसभा में चर्चा के दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने कांग्रेस और विपक्ष पर मतदाता सूची सुधार (एसआईआर) को लेकर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि एसआईआर पर चर्चा इसलिए नहीं हो सकती क्योंकि चुनाव आयोग एक स्वतंत्र संवैधानिक संस्था है और सरकार के अधीन नहीं है। अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस द्वारा फैलाई जा रही गलतफहमी और झूठ निराधार हैं, क्योंकि चुनाव आयोग समय-समय पर मतदाता सूची की सफाई और जांच करता है, जो एक सामान्य संवैधानिक प्रक्रिया का हिस्सा है।
संसद में बताया SIR का महत्व
गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में एसआईआर (Systematic Voters Registration Revision) पर बात करते हुए कहा कि अनुच्छेद 324 चुनाव आयोग को शक्तियां देता है, अनुच्छेद 326 में मतदाता बनने की पात्रता तय होती है और अनुच्छेद 327 के तहत एसआईआर करने का अधिकार चुनाव आयोग को है, जिसे विपक्ष अनदेखा कर रहा है। उन्होंने बताया कि साल 2000 के बाद तीन बार एसआईआर हुआ, जिनमें दो बार भाजपा-एनडीए की सरकार और एक बार मनमोहन सिंह की सरकार थी, तब किसी ने आपत्ति नहीं की। अमित शाह ने यह भी कहा कि यदि वोटर लिस्ट शुद्ध नहीं होगी, तो चुनाव पवित्र कैसे हो सकते हैं।

अमित शाह ने किया कड़ा पलटवार

गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्ष को कड़ा जवाब देते हुए कहा कि देश का प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री किसी घुसपैठिये द्वारा नहीं चुना जाएगा, क्योंकि यह अधिकार केवल भारतीय नागरिकों का है। उन्होंने बताया कि विपक्ष बिना ठोस आधार के डर और गलत तथ्यों का सहारा ले रहा है। शाह ने यह भी कहा कि एसआईआर (Systematic Voter Registration) इसलिए आवश्यक है ताकि फर्जी वोटर्स हटाए जा सकें, घुसपैठियों के नाम मतदाता सूची में शामिल न हों और चुनावी प्रक्रिया पारदर्शी और साफ-सुथरी बनी रहे।
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