MP में खनन कारोबार से जुड़े बीजेपी नेता और जिला पंचायत उपाध्यक्ष अशोक विश्वकर्मा के ठिकानों पर आयकर विभाग ने एक साथ बड़ी कार्रवाई की है। तड़के करीब 4 बजे आयकर विभाग की कई टीमें एक साथ हरकत में आईं और सतना, कटनी व जबलपुर सहित कई शहरों में उनके ठिकानों पर छापेमारी शुरू की गई। यह कार्रवाई आय से अधिक संपत्ति के मामले को लेकर की जा रही है।
आयकर विभाग की टीमें विश्वकर्मा परिवार के निजी और कारोबारी ठिकानों पर पहुंचीं। सतना के जालपा देवी वार्ड और गौतम मोहल्ला स्थित तीन आवासीय मकानों के साथ-साथ मुख्य कार्यालय को भी जांच के दायरे में लिया गया। इसके अलावा टिकरिया क्षेत्र में स्थित बॉक्साइट खदानों, खनन से जुड़े अन्य परिसरों और संबंधित दस्तावेजों की भी गहन पड़ताल की जा रही है।
होटल और पानी फैक्ट्री पर भी दबिश
कार्रवाई यहीं तक सीमित नहीं रही। बरगवां क्षेत्र में स्थित होटल परिसर और शहर में संचालित पानी की फैक्ट्री पर भी आयकर विभाग की टीमों ने एक साथ दबिश दी। इन सभी स्थानों पर दस्तावेजों, खातों और इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। अधिकारियों ने कार्रवाई के दौरान किसी भी व्यक्ति के अंदर या बाहर जाने पर रोक लगा दी है। आयकर विभाग की जांच अशोक विश्वकर्मा तक ही सीमित नहीं है। उनके भाई शंकरलाल विश्वकर्मा के ठिकानों पर भी टीमों ने एक साथ कार्रवाई की है। बताया जा रहा है कि दोनों के कारोबारी लेन-देन और संपत्तियों को आपस में जोड़कर जांच की जा रही है, ताकि आय और निवेश के स्रोतों का पूरा ब्यौरा सामने आ सके।
कार्रवाई में जुटे
इस पूरे ऑपरेशन में आयकर विभाग के 50 से अधिक अधिकारी और कर्मचारी शामिल हैं। टीमों को अलग-अलग स्थानों पर तैनात किया गया है, जो दस्तावेजों की छानबीन और संपत्ति से जुड़े रिकॉर्ड खंगालने में लगे हुए हैं। कार्रवाई लंबी चलने की संभावना जताई जा रही है। किसी भी तरह की अव्यवस्था से बचने के लिए सभी ठिकानों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। सुरक्षा एजेंसियां पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं। वहीं, कार्रवाई के दौरान संदेह से बचने के लिए आयकर विभाग की गाड़ियों पर स्वच्छता अभियान के स्टीकर लगाए गए थे, ताकि सामान्य गतिविधि का आभास बना रहे।
सूत्रों के मुताबिक, आयकर विभाग की यह कार्रवाई अभी जारी है और देर रात तक चल सकती है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि आय से अधिक संपत्ति और खनन कारोबार से जुड़े मामलों में आगे क्या कदम उठाए जाएंगे।
