, ,

404 करोड़ का काला खेल, इंदौर से दुबई तक फैले नेटवर्क में कांग्रेस नेता फंसा

Author Picture
Published On: 23 December 2025

अवैध डब्बा कारोबार और ऑनलाइन सट्टेबाजी के एक बड़े नेटवर्क में प्रवर्तन निदेशालय ने इंदौर के कांग्रेस नेता विशाल उर्फ गोलू अग्निहोत्री के खिलाफ शिकंजा कस दिया है। मंगलवार को ईडी ने इंदौर स्थित स्पेशल पीएमएलए कोर्ट में गोलू और उसके करीबी तरुण श्रीवास्तव के खिलाफ चालान पेश किया। मामला उन गतिविधियों से जुड़ा है, जिनका जाल इंदौर से निकलकर मुंबई, अहमदाबाद, चेन्नई और दुबई तक फैला हुआ था।

जांच एजेंसी के अनुसार, पूरे नेटवर्क का संचालन गोलू अग्निहोत्री के हाथ में था। वहीं, तरुण श्रीवास्तव लेन-देन और रोजमर्रा के वित्तीय कामकाज को संभालता था। फर्जी खातों, पैसों की आवाजाही और तकनीकी सेटअप की जिम्मेदारी भी उसी के पास थी।

फर्जी ट्रेडिंग से सट्टेबाजी तक

ईडी की जांच में सामने आया कि इस गिरोह ने नकली ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म और अवैध सट्टा वेबसाइटों का सहारा लिया। V Money और 8Stock Height जैसे प्लेटफॉर्म पर दिखाए गए ट्रेड किसी भी मान्यता प्राप्त स्टॉक एक्सचेंज से जुड़े नहीं थे। वहीं LotusBook247 और 11Starss जैसे सट्टेबाजी प्लेटफॉर्म गुप्त खातों और एन्क्रिप्टेड माध्यमों से चलाए जा रहे थे। इन सभी गतिविधियों से करीब 404.46 करोड़ रुपए की अवैध आय अर्जित की गई। जांच में यह भी सामने आया कि फर्जी ट्रेड, व्हाइट-लेबल एप और सट्टा प्लेटफॉर्म के जरिए निवेशकों को भ्रमित किया गया और बड़े पैमाने पर पैसा इकट्ठा किया गया।

संपत्तियों पर ईडी का वार

ईडी ने इस मामले में 34.26 करोड़ रुपए की संपत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क किया है। इसमें महंगी अचल संपत्तियां, बैंक और डीमैट खातों में जमा रकम के साथ चल संपत्तियां भी शामिल हैं। छापेमारी के दौरान एजेंसी ने 5 करोड़ से ज्यादा नकद, लगभग 60 किलो चांदी, सोने की छड़ें और करोड़ों के आभूषण बरामद किए। इसके अलावा करीब 4.77 करोड़ रुपए की लग्जरी घड़ियां और क्रिप्टोकरेंसी होल्डिंग्स को भी फ्रीज किया गया।

एप की हिस्सेदारी से खुला राज

जांच में पता चला कि गोलू अग्निहोत्री ने अवैध प्लेटफॉर्म के एडमिन अधिकार मुनाफे की हिस्सेदारी के बदले हासिल किए थे। बाद में ये अधिकार अन्य सहयोगियों को ट्रांसफर कर दिए गए, जिससे पूरा नेटवर्क और मजबूत होता चला गया। दिसंबर 2024 में इंदौर में हुई छापेमारी और जनवरी 2025 में दर्ज एफआईआर के बाद यह पूरा मामला सामने आया। अब ईडी की चार्जशीट के साथ 404 करोड़ के इस काले खेल की परतें एक-एक कर खुलती जा रही हैं।

Related News
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp