उज्जैन-झालावाड़ राष्ट्रीय राजमार्ग-27 पर शनिवार रात ऐसा नज़ारा दिखा, जिसने यात्रियों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। पिपलई (निपानिया) टोल प्लाजा पर टोलकर्मियों और बस सवार यात्रियों के बीच विवाद इतना बढ़ा कि लाठी-डंडे चल गए। इस पूरी घटना का वीडियो रविवार को सामने आया, जिसके बाद मामला तूल पकड़ गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टोल प्लाजा पर कर्मचारी बीच लेन में अलाव जलाकर बैठे थे। न तो वहां बैरिकेड्स लगाए गए थे और न ही कोई चेतावनी संकेत। उज्जैन से आगर जा रही मालवा बस अनजाने में उसी लेन में प्रवेश कर गई। बस के रुकते ही यात्रियों ने रास्ता खाली करने की बात कही, लेकिन यही बात विवाद की चिंगारी बन गई।
बस में सवार कुछ युवकों और टोल कर्मचारियों के बीच कहासुनी तेज होती चली गई। देखते ही देखते माहौल बिगड़ गया और करीब 15 से 20 टोलकर्मी लाठी-डंडे लेकर बस की ओर दौड़ पड़े। यात्रियों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और मारपीट शुरू हो गई।
बस के भीतर घुसकर हमला
आरोप है कि एक टोल कर्मचारी बस के अंदर तक घुस आया और यात्रियों पर लाठी बरसाने लगा। अचानक हुए इस हमले से बस में अफरा-तफरी मच गई। आगे बैठी महिला यात्री डर के मारे चीखने लगीं। स्थिति इतनी भयावह हो गई कि कुछ पल के लिए यात्रियों को अपनी जान का खतरा महसूस होने लगा। हालात बेकाबू होते देख बस चालक ने संयम दिखाया। उसने बिना देर किए बस आगे बढ़ा दी, जिससे बड़ी घटना टल गई। हालांकि मारपीट में युवराज नामक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे बाद में उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया।
पुलिस की एंट्री
घटिया थाना प्रभारी करण कुआंल ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। जांच में सामने आया कि घायल युवक युवराज (25), निवासी माकड़ोन है। पुलिस ने प्राथमिक उपचार के बाद बयान दर्ज किए और टोलकर्मियों के खिलाफ प्रकरण कायम किया। पुलिस के मुताबिक फिलहाल दो आरोपियों की पहचान कर ली गई है, जबकि अन्य कर्मचारियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पूरे घटनाक्रम की सीसीटीवी फुटेज और वायरल वीडियो के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
