मध्यप्रदेश के जबलपुर में मामूली सड़क हादसा खूनी वारदात में बदल गया। 8 फरवरी की रात हुई इस घटना में आकांश साहू की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मामले में रांझी पुलिस ने मुख्य आरोपी शिवम वाजपेयी सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वहीं चार अन्य आरोपी अब भी फरार बताए जा रहे हैं।
पुलिस गिरफ्त में आए शिवम वाजपेयी ने पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा किया। उसने बताया कि टक्कर के बाद वह आकांश से अपनी बाइक ठीक करवाने की बात कह रहा था, लेकिन वह सुनने को तैयार नहीं था। इसी बात पर विवाद बढ़ गया। शिवम के अनुसार, दोनों पक्षों ने अपने-अपने दोस्तों को बुला लिया। स्थिति इतनी बिगड़ी कि उसने अपने साथियों से कहा कि आकांश को तब तक चाकू मारो, जब तक उसकी जान न निकल जाए। इसके बाद सड़क पर ही उस पर ताबड़तोड़ वार किए गए।
जबलपुर में सड़क विवाद
जानकारी के मुताबिक, 29 वर्षीय शिवम वाजपेयी निवाड़गंज पांडेय चौक क्षेत्र का रहने वाला है और निजी सुरक्षा गार्ड की नौकरी करता था। घटना की रात वह दोस्तों के साथ शराब पार्टी के बाद घर लौट रहा था। गोकलपुर स्थित लक्ष्मी मंदिर के पास आधारताल निवासी आकांश साहू अपनी क्रेटा कार मोड़ रहा था, तभी सामने से आ रही शिवम की बाइक से टक्कर हो गई। टक्कर में दोनों वाहन क्षतिग्रस्त हो गए और यहीं से विवाद की शुरुआत हुई।
घटना का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, जिसमें सड़क पर मारपीट और चाकूबाजी साफ दिखाई दे रही है। वीडियो के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर कार्रवाई तेज की। घायल आकांश को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
आरोपियों की तलाश जारी
रांझी थाना पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि फरार चार आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है और जल्द ही उन्हें भी पकड़ लिया जाएगा। यह घटना शहर में बढ़ती सड़क हिंसा और छोटी बात पर बढ़ते आक्रोश को लेकर चिंता खड़ी करती है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सड़क दुर्घटना या विवाद की स्थिति में कानून हाथ में लेने के बजाय कानूनी प्रक्रिया का सहारा लें।
