होली और रमजान को देखते हुए शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। त्योहारों के दौरान किसी भी तरह की अव्यवस्था या अफवाह को रोकने के उद्देश्य से शुक्रवार सुबह संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च निकाला गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दोनों पर्व आपसी भाईचारे और सौहार्द के प्रतीक हैं, इसलिए सुरक्षा के स्तर पर कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी।
फ्लैग मार्च शहर के नागीझिरी और फव्वारा चौक क्षेत्र में आयोजित किया गया। फव्वारा चौक पर एएसपी आलोक शर्मा, डीएसपी क्राइम योगेश तोमर और डीएसपी भारत सिंह यादव ने पुलिस बल का नेतृत्व किया। वहीं नागीझिरी क्षेत्र में सीएसपी श्वेता गुप्ता और सीएसपी दीपिका शिंदे ने कमान संभाली। अधिकारियों ने पैदल मार्च करते हुए मुख्य सड़कों, बाजारों और संवेदनशील स्थानों का निरीक्षण किया।
होली और रमजान
करीब 250 पुलिसकर्मियों ने इस फ्लैग मार्च में हिस्सा लिया। पुलिस बल ने प्रमुख मार्गों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पैदल गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान स्थानीय लोगों से संवाद भी किया गया। अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की कि वे शांति बनाए रखें और किसी भी तरह की अफवाह या भ्रामक संदेश पर ध्यान न दें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने के लिए भी कहा गया।
संवेदनशील क्षेत्रों पर रहेगी विशेष नजर
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि त्योहारों के दौरान शहर के सभी संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी रखी जाएगी। सीसीटीवी कैमरों और अतिरिक्त पुलिस बल की मदद से स्थिति पर नजर रखी जाएगी। कानून-व्यवस्था भंग करने या माहौल खराब करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि शांति भंग करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
फ्लैग मार्च का मुख्य उद्देश्य नागरिकों में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना है। पुलिस का मानना है कि इस तरह की कवायद से असामाजिक तत्वों में भय और आमजन में भरोसा पैदा होता है। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि त्योहारों को शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में संपन्न कराने के लिए हर जरूरी कदम उठाया जाएगा।
