मध्यप्रदेश के इंदौर शहर के रावजी बाजार क्षेत्र में गुरुवार रात उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब अचानक जहरीली गैस फैलने की सूचना सामने आई। स्थानीय लोगों ने तेज गंध और सांस लेने में दिक्कत की शिकायत की, जिसके बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया। करीब एक घंटे तक लोग घरों से बाहर निकल आए और बाजार क्षेत्र में हलचल बनी रही।
सूचना मिलते ही नगर निगम और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंच गई। जांच के दौरान एक संदिग्ध और खतरनाक सिलेंडर की पहचान की गई, जिससे गैस रिसाव की आशंका थी। घटनास्थल से सामने आए वीडियो में देखा जा सकता है कि टीम ने सूझबूझ दिखाते हुए सिलेंडर को पानी से भरे ड्रम में डाल दिया। काफी देर तक उस पर लगातार पानी डाला गया, जिससे गैस का प्रभाव धीरे-धीरे कम हुआ और हालात काबू में आए।
इंदौर रावजी बाजार
स्थिति नियंत्रित होने के बाद प्रशासन ने एहतियातन सिलेंडर को रात में ही शहर से बाहर भेजने का निर्णय लिया। बायपास मार्ग से होते हुए उसे करीब 13 किलोमीटर दूर देवगुराड़िया स्थित नगर निगम के प्लांट तक पहुंचाया गया। वहां विशेषज्ञों की निगरानी में आगे की कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों के अनुसार समय रहते कार्रवाई नहीं होती तो स्थिति गंभीर हो सकती थी।
कबाड़ी गिरफ्तार
मामले में पुलिस ने कबाड़ी शहजाद को गिरफ्तार कर लिया है। प्रारंभिक पूछताछ में उसने बताया कि संबंधित सिलेंडर उसने कबाड़ में राजा चोपड़ा नामक व्यक्ति से खरीदा था। जांच के दौरान विकास नाम के एक अन्य कबाड़ी का नाम भी सामने आया है। पुलिस दोनों से पूछताछ की तैयारी कर रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि सिलेंडर किस स्रोत से आया और उसमें किस प्रकार की गैस भरी थी।
इंडस्ट्रियल सेफ्टी विभाग करेगा जांच
घटना की गंभीरता को देखते हुए इंडस्ट्रियल सेफ्टी विभाग को भी जांच सौंपी गई है। विभाग यह पता लगाएगा कि सिलेंडर में किस प्रकार की गैस थी और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन कैसे हुआ। प्रशासन का कहना है कि लापरवाही सामने आने पर संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
