जब कोई पिता सुनील शेट्टी अपने बेटे को उसी रास्ते पर चलते हुए देखता है, जिस रास्ते पर उसने खुद कभी इतिहास रचा हो तो वह पल सिर्फ गर्व का नहीं, बल्कि भावनाओं से भरा होता है। कुछ ऐसा ही नज़ारा देखने को मिला जब बॉर्डर 2 की रिलीज के मौके पर सुनील शेट्टी अपने जज़्बात रोक नहीं पाए।
23 जनवरी को सिनेमाघरों में रिलीज हुई Border 2 सिर्फ एक फिल्म नहीं है, बल्कि यह उस यादगार फिल्म की अगली कड़ी है, जिसने साल 1997 में देशभक्ति सिनेमा की परिभाषा बदल दी थी। उस वक्त सुनील शेट्टी खुद जेपी दत्ता की फिल्म बॉर्डर का हिस्सा थे और अब उसी कहानी की अगली कड़ी में उनके बेटे अहान शेट्टी नजर आ रहे हैं।
सुनील शेट्टी
फिल्म की रिलीज के बाद सुनील शेट्टी ने सोशल मीडिया पर एक बेहद खास वीडियो शेयर किया। इस वीडियो में 1997 की बॉर्डर के उनके सीन और बॉर्डर 2 में अहान शेट्टी के सीन को मिलाकर एक भावुक कोलाज बनाया गया है। वीडियो देखते ही साफ समझ आता है कि यह सिर्फ फिल्मों की तुलना नहीं है, बल्कि एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी तक पहुंचे जज़्बे की कहानी है।
दिल छू लेने वाला नोट
वीडियो के साथ सुनील शेट्टी ने जो लिखा, उसने फैंस को भी भावुक कर दिया। उन्होंने कहा कि बॉर्डर उनके लिए सिर्फ एक फिल्म नहीं थी, बल्कि एक जिम्मेदारी थी ऐसी जिम्मेदारी जिसे उन्होंने कैमरा बंद होने के बाद भी अपने भीतर जिया।
उन्होंने लिखा कि सालों बाद अपने बेटे को उसी वर्दी में देखना पुराने एहसासों को फिर से जगा देता है। यह सिर्फ नॉस्टेल्जिया नहीं, बल्कि एक याद दिलाने वाला पल है अनुशासन, त्याग, मौन और साहस की याद।
शांति का संदेश
सुनील शेट्टी ने अपने नोट में यह भी साफ किया कि बॉर्डर जैसी फिल्में जंग की शान नहीं, बल्कि शांति की कीमत समझाती हैं। उन्होंने लिखा कि बॉर्डर वह जगह नहीं है जहां देश खत्म होता है, बल्कि वह जगह है जहां साहस की शुरुआत होती है।
उनका यह कहना कि “कुछ कहानियां सिर्फ पर्दे तक सीमित नहीं रहतीं, बल्कि देश के लोगों के दिलों में बस जाती हैं” फिल्म और उसके मकसद को बहुत खूबसूरती से बयान करता है।
Border 2 की दमदार स्टारकास्ट
Border 2 में इस बार कई बड़े सितारे नजर आ रहे हैं। फिल्म में सनी देओल, वरुण धवन, दिलजीत दोसांझ, मोना सिंह, सोनम बाजवा, मेधा राणा और अन्या सिंह अहम भूमिकाओं में हैं। वहीं 1997 की बॉर्डर में सनी देओल, जैकी श्रॉफ, सुनील शेट्टी, अक्षय खन्ना और कुलभूषण खरबंदा जैसे कलाकारों ने इसे यादगार बना दिया था।
