MP सरकार आज होने वाली कैबिनेट बैठक में पचमढ़ी नगर को पचमढ़ी अभ्यारण्य से अलग करने के प्रस्ताव को दोबारा मंजूरी देने जा रही है। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट के फैसले के आधार पर इस संबंध में निर्णय लिया गया था, लेकिन तकनीकी त्रुटि के चलते पचमढ़ी नगर को अभ्यारण्य की सीमा से अलग नहीं किया जा सका था। अब नए प्रस्ताव के जरिए नगर और अभ्यारण्य की सीमाओं को स्पष्ट रूप से अलग करने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
कैबिनेट बैठक में वन विभाग के प्रस्ताव पर टाइगर रिजर्व क्षेत्र के बफर जोन में विकास कार्यों को मंजूरी मिलने की संभावना है। इससे स्थानीय विकास कार्यों को गति मिलेगी और पर्यावरण संरक्षण के साथ संतुलित विकास को बढ़ावा मिलेगा। सरकार का उद्देश्य पर्यटन, रोजगार और बुनियादी ढांचे के विकास को वन्यजीव संरक्षण के साथ संतुलित करना है।
कैबिनेट बैठक
जल संसाधन विभाग की ओर से तवा परियोजना की दायीं तट नहर की बागरा शाखा नहर होज सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी जाएगी। इसके साथ ही पिपरिया ब्रांच केनाल होज सिंचाई परियोजना को प्रशासकीय स्वीकृति मिलने की संभावना है। इन परियोजनाओं से कृषि क्षेत्र को मजबूती मिलने और किसानों को बेहतर सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
जनजातीय कार्य विभाग के प्रस्ताव पर आगामी वर्षों के लिए 15 परियोजनाओं को जारी रखने की मंजूरी दी जा सकती है। वहीं, सोलहवें वित्त आयोग की अवधि के लिए मौजूदा कार्यक्रमों को जारी रखने के राजस्व विभाग के प्रस्ताव पर भी कैबिनेट की सहमति मिलने की उम्मीद है। इससे राज्य की वित्तीय योजनाओं में निरंतरता बनी रहेगी।
रोजगार योजना में बदलाव
कैबिनेट बैठक में पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के प्रस्ताव पर विदेश में रोजगार उपलब्ध कराने की योजना 2022 के नाम और प्रावधानों में संशोधन को भी मंजूरी मिल सकती है। इसका उद्देश्य युवाओं को अंतरराष्ट्रीय रोजगार के अधिक अवसर प्रदान करना है। यह गणतंत्र दिवस के बाद सरकार की पहली कैबिनेट बैठक है, जिसमें मुख्यमंत्री मोहन यादव दावोस यात्रा के अनुभव साझा करेंगे। इस दौरान वहां मिले निवेश प्रस्तावों और आगामी औद्योगिक प्राथमिकताओं पर भी विस्तृत चर्चा होगी।
बैठक में सिवनी जिले के सिमरिया गांव में वेयरहाउस निर्माण से जुड़े भूमि मुआवजा प्रस्ताव, सहकारिता विभाग के सेवानिवृत्त अधिकारी को संविदा नियुक्ति, और अन्य प्रशासनिक मामलों पर भी निर्णय लिए जाएंगे।
