भोपाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज (BCCI) के अध्यक्ष पद का चुनाव अब पूरी तरह रोचक मोड़ पर पहुंच गया है। नामांकन वापसी के बाद यह तय हो गया है कि इस पद के लिए पूर्व अध्यक्ष तेजकुलपाल सिंह पाली और कांग्रेस नेता गोविंद गोयल के बीच सीधा मुकाबला होगा। कार्यकारी अध्यक्ष आकाश गोयल द्वारा नामांकन वापस लेने के फैसले के बाद चुनावी तस्वीर साफ हो गई है।
अब तक माना जा रहा था कि मुख्य मुकाबला पाली और कार्यकारी अध्यक्ष आकाश गोयल के बीच होगा। हालांकि, गुरुवार को आकाश गोयल और उनकी टीम ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि वे अध्यक्ष पद की दौड़ से बाहर रहेंगे। आकाश के नामांकन वापस लेने के बाद उनके पिता और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गोविंद गोयल मैदान में उतर गए हैं। बताया जा रहा है कि गोविंद गोयल ने पहले डमी प्रत्याशी के तौर पर नामांकन दाखिल किया था।
BCCI अध्यक्ष पद पर मुकाबला तय
अध्यक्ष पद का यह चुनाव अब ‘अनुभव बनाम अनुभव’ की लड़ाई बन गया है। तेजकुलपाल सिंह पाली अपने तीन साल के कार्यकाल की उपलब्धियों को व्यापारियों के सामने रख रहे हैं, वहीं गोविंद गोयल पिछले करीब 50 वर्षों से व्यापार और उद्योग क्षेत्र से जुड़े रहे हैं। गोयल लंबे समय से व्यापारियों के मुद्दों को लेकर सक्रिय रहे हैं और वर्तमान में अंतरराष्ट्रीय वैश्य फेडरेशन तथा कन्फेडरेशन ऑफ एमपी इंडस्ट्री, सर्विस एंड ट्रेड (COMPIST) के अध्यक्ष भी हैं।
36 पदों के लिए 75 नामांकन
इस बार बीसीसीआई चुनाव में कुल 36 पदों के लिए 75 नामांकन फॉर्म दाखिल किए गए हैं। कई उम्मीदवारों ने एक से अधिक पदों के लिए नामांकन भरा है। नियमों के अनुसार ऐसे उम्मीदवारों को किसी एक ही पद पर चुनाव लड़ना होगा। नामांकन वापसी की अंतिम तारीख के बाद ही सभी पदों पर प्रत्याशियों की अंतिम सूची जारी की जाएगी।
नामांकन प्रक्रिया के दौरान अध्यक्ष पद के लिए चार दावेदार सामने आए थे, जिनमें तेजकुलपाल सिंह पाली, आकाश गोयल, गोविंद गोयल और कमल पंजवानी शामिल थे। आकाश गोयल के हटने के बाद अब पाली और गोयल के बीच मुकाबला तय माना जा रहा है। कमल पंजवानी ने अध्यक्ष के साथ-साथ उपाध्यक्ष पद के लिए भी नामांकन दाखिल किया है।
बढ़ेगी चुनावी सरगर्मी
नामांकन वापसी के साथ ही चैंबर चुनाव में प्रचार तेज होने की उम्मीद है। दोनों ही प्रमुख उम्मीदवार व्यापारियों के बीच अपनी पकड़ और अनुभव के आधार पर समर्थन जुटाने में जुट गए हैं। आने वाले दिनों में बीसीसीआई चुनाव को लेकर व्यापारिक जगत में गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।
