MP सरकार ने साल 2026 के लिए सरकारी छुट्टियों का कैलेंडर जारी कर दिया है। इस कैलेंडर के साथ ही यह साफ हो गया है कि आने वाले साल में सरकारी कर्मचारियों का कामकाज और आराम किस तरह संतुलित रहेगा। नए शेड्यूल के अनुसार, 2026 में सरकारी दफ्तर कुल 238 दिन खुले रहेंगे, जबकि कर्मचारियों को 127 दिन की छुट्टियां मिलेंगी। यानी लगभग हर तीसरा दिन किसी न किसी रूप में अवकाश का रहेगा।
कुल 127 छुट्टियों में 52 शनिवार, 52 रविवार और 23 सार्वजनिक अवकाश शामिल हैं। 5-डे वर्किंग सिस्टम के चलते दफ्तर सोमवार से शुक्रवार तक ही खुलेंगे। इस वजह से कर्मचारियों को वीकेंड का फायदा लगातार मिलता रहेगा, जो पहले से चली आ रही व्यवस्था को ही आगे बढ़ाता है।
2025 के मुकाबले एक छुट्टी ज्यादा
सरकारी कर्मचारियों के लिए 2026 थोड़ी राहत लेकर आया है। पिछले साल की तुलना में इस बार एक सार्वजनिक अवकाश ज्यादा रखा गया है। सरकार ने 14 सितंबर को पड़ने वाली गणेश चतुर्थी को भी सार्वजनिक छुट्टियों की सूची में शामिल किया है। इसी के साथ सार्वजनिक अवकाशों की संख्या बढ़कर 23 हो गई है। खुशखबरी के साथ एक मायूसी भी जुड़ी है। साल 2026 में छह प्रमुख त्योहार और जयंतियां शनिवार या रविवार को पड़ रही हैं। इसका मतलब यह है कि इन दिनों के लिए अलग से छुट्टी नहीं मिलेगी। ऐसे में लगातार लंबी छुट्टियों की योजना बनाने वालों को थोड़ा नुकसान हो सकता है।
ऐच्छिक अवकाशों की लंबी सूची
सरकार ने कर्मचारियों को 62 ऐच्छिक अवकाशों की सुविधा भी दी है। इन छुट्टियों में से कर्मचारी अपनी जरूरत और सुविधा के अनुसार किसी भी तीन का चयन कर सकते हैं। धार्मिक, सामाजिक या पारिवारिक कारणों से छुट्टी लेने के लिए यह विकल्प कर्मचारियों के लिए काफी अहम माना जाता है।
1 जनवरी 2026 से अवकाश नियमों में अहम संशोधन लागू होंगे। महिला कर्मचारियों को मिलने वाले 730 दिन के संतान पालन अवकाश में अब वेतन का नया फॉर्मूला तय किया गया है। पहले 365 दिन पूरा वेतन मिलेगा, जबकि अगले 365 दिन के लिए 80 प्रतिशत वेतन ही दिया जाएगा। एक साल में इस अवकाश को अधिकतम तीन बार लिया जा सकेगा, वहीं सिंगल मदर कर्मचारियों को छह बार तक की छूट मिलेगी।
शिक्षकों और कर्मचारियों को राहत
प्रदेश के साढ़े चार लाख से अधिक शिक्षकों को अब हर साल 10 दिन का अर्जित अवकाश मिलेगा। इसके साथ ही 5-डे वर्किंग सिस्टम को भी बरकरार रखा गया है। न तो काम के घंटे बढ़ेंगे और न ही पुराने शनिवार कार्यदिवस की व्यवस्था लौटेगी। कुल मिलाकर, 2026 का कैलेंडर कर्मचारियों के लिए संतुलन और राहत दोनों लेकर आया है।
