MP कांग्रेस अध्यक्ष जितेंद्र (जीतू) पटवारी ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को खुला पत्र लिखकर कई गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हाल ही में हुए विश्व हिंदू परिषद के कार्यक्रम में दावा कर रहे थे कि उनकी सरकार प्रदेश से मछली-मगर जैसे माफियाओं को खत्म करने के लिए काम कर रही है। लेकिन हकीकत इससे बिल्कुल उलट है।
पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है और भ्रष्टाचार चरम पर है। उन्होंने सीएम से पूछा कि आखिर 20 महीने की सरकार में क्या हालात सुधरे हैं? जनता लगातार परेशान है और अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। कांग्रेस अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री को पत्र में कई मुद्दों की ओर ध्यान दिलाया है।
माफियाओं की पूरी
उन्होंने मांग की कि प्रदेश में सक्रिय सभी मछली और मगरमच्छ जैसे माफियाओं की पूरी सूची सार्वजनिक की जाए। साथ ही, पीएम नरेंद्र मोदी की उज्जैन यात्रा से पहले किसानों और व्यापारियों के आंदोलन की वजह भी साफ की जाए। पटवारी ने सवाल उठाया कि आखिर किसानों को सड़कों पर उतरने की नौबत क्यों आई?
जमीन घोटाले
पत्र में उन्होंने भाजपा नेताओं पर लगे गंभीर आरोपों का भी जिक्र किया। जीतू पटवारी ने कहा कि कई नेताओं पर जमीन घोटाले, हत्या और माफियाओं से जुड़ाव के आरोप हैं, लेकिन सरकार कार्रवाई करने की बजाय चुप्पी साधे बैठी है। उन्होंने यह भी पूछा कि आखिर जनता के बीच उठ रही इन आवाजों का जवाब कब दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री जी, अनर्गल बयानों के बजाए उपरोक्त सवालों के जवाब दीजिए! प्रदेश की साढ़े आठ करोड़ जनता अब बहाने नहीं, समाधान चाहती हैI@DrMohanYadav51 @CMMadhyaPradesh pic.twitter.com/YljcBLnB75
— Jitendra (Jitu) Patwari (@jitupatwari) September 14, 2025
पटवारी ने आरोप लगाया कि बीजेपी विधायक संजय पाठक और पूर्व मंत्री संजय श्रीवास्तव के खिलाफ लगे आरोपों की जांच क्यों नहीं हो रही है। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा खुद एक-दूसरे पर भ्रष्टाचार के आरोप लगा रही है, लेकिन सरकार इसे अनदेखा कर रही है।
पत्र के अंत में पटवारी ने मुख्यमंत्री से दो टूक कहा कि अब जनता दूध का दूध और पानी का पानी चाहती है। कांग्रेस अध्यक्ष ने साफ किया कि वे इन सवालों के जवाब सिर्फ अपने लिए नहीं, बल्कि प्रदेश की जनता की तरफ से मांग रहे हैं।
