, ,

महाकौशल में उड़ान भरी पीएमश्री पर्यटन हेलीकॉप्टर सेवा, अब जबलपुर से सीधे कान्हा-बांधवगढ़ पहुंचना आसान

Author Picture
Published On: 20 November 2025

मध्य प्रदेश में पर्यटन को नई रफ्तार देने के लिए पीएमश्री पर्यटन हेलीकॉप्टर सेवा आखिरकार शुरू हो गई है। बुधवार सुबह भेड़ाघाट में लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने ठीक 11:20 बजे हेलीकॉप्टर को हरी झंडी दिखाकर इस सेवा की शुरुआत की। इसके साथ ही अब जबलपुर से कान्हा, बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व, मैहर, चित्रकूट और अमरकंटक जैसे बड़े धार्मिक और पर्यटन स्थलों तक पहुंचना पहले से कहीं ज्यादा आसान हो गया है।

शुभारंभ कार्यक्रम में मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि महाकौशल क्षेत्र वैसे ही देश का प्रमुख टूरिस्ट हब है, लेकिन अब हवाई सेवा खुलने से यहां आने वाले लोगों को और ज्यादा आराम मिल जाएगा। अक्सर पर्यटक चाहकर भी कम समय में ज्यादा जगह नहीं घूम पाते थे। सड़क मार्ग की दूरी और समय की मार इसकी सबसे बड़ी वजह थी। लेकिन हेलीकॉप्टर सेवा ने यह समस्या लगभग खत्म कर दी है।

बढ़ेगा पर्यटन

उन्होंने कहा कि इससे न सिर्फ पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए मौके भी तैयार होंगे। भेड़ाघाट में बना हेलीकॉप्टर बेस, हर रूट का किराया अलग फ्लाई ओला कंपनी, जो इस सेवा का संचालन करेगी, उसने भेड़ाघाट के पास ही हेलीकॉप्टर का स्थायी बेस बनाया है। यहीं से यात्रियों को उनके पसंद के गंतव्य तक भेजा जाएगा। हर जगह की दूरी के हिसाब से किराया अलग-अलग तय किया गया है। हेलीकॉप्टर सेवा सप्ताह में 5 दिन सोमवार, मंगलवार, शुक्रवार, शनिवार और रविवार चलेगी। सभी पर्यटन स्थलों के नजदीक सुरक्षित लैंडिंग के लिए कंपनी ने हेलीपैड तैयार किए हैं।

ऑनलाइन बुकिंग बेहद आसान

जो लोग यात्रा करना चाहते हैं, वे सीधे ऑनलाइन टिकट बुक कर सकते हैं। इसके लिए www.flyola.in, air.irctc.co.in/flyola और transbharat.in पर बुकिंग सुविधा उपलब्ध है। यह सेवा PPP मॉडल पर चलेगी और तीन साल के अनुबंध के तहत सिंगल और डबल इंजन हेलीकॉप्टर उड़ाए जाएंगे। हर हेलीकॉप्टर में कम से कम छह यात्रियों की सीटें रहेंगी।

इस नई सेवा की सबसे दिलचस्प बात ये है कि यात्रियों को सिर्फ उड़ान ही नहीं, बल्कि पूरी यात्रा का अनुभव एक ही पैकेज में मिलेगा। आपके घर से टैक्सी हेलीपैड तक ले जाएगी, वहां से हेलीकॉप्टर से गंतव्य तक यात्रा, फिर होटल में ठहरने की व्यवस्था, मंदिर दर्शन, जंगल सफारी और घूमने के लिए गाइड सबकुछ पहले से तय रहेगा, यानी पर्यटक को बस एंजॉय करना है, बाकी जिम्मेदारी कंपनी की होगी।

Related News
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp