कोटा जिले के इटावा क्षेत्र में चंबल नदी पर एक बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल गई है। गोठड़ा गांव के पास 256 करोड़ रुपये की लागत से तीन लेन का हाई लेवल ब्रिज बनाया जाएगा, जो कोटा जिले के चंबल ढीबरी क्षेत्र को बूंदी जिले के चांणदा खुर्द से जोड़ेगा और दोनों जिलों के बीच सीधा व मजबूत संपर्क स्थापित करेगा। यह पुल चंबल-घड़ियाल अभयारण्य क्षेत्र में इंद्रगढ़–ललितपुर स्टेट हाईवे-120 पर बनेगा। राष्ट्रीय वन्यजीव बोर्ड की स्थायी समिति से स्वीकृति मिलने के बाद यह बहुप्रतीक्षित परियोजना आगे बढ़ सकी है, जो वन विभाग की अनुमति न मिलने के कारण पिछले चार वर्षों से अटकी हुई थी। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के हस्तक्षेप के बाद परियोजना को पर्यावरणीय मंजूरी मिली है।
कोटा जिले के इटावा क्षेत्र में चंबल नदी पर एक बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल गई है। गोठड़ा गांव के पास 256 करोड़ रुपये की लागत से तीन लेन का हाई लेवल ब्रिज बनाया जाएगा, जिससे कोटा और बूंदी जिलों के बीच सीधा, सुरक्षित और मजबूत संपर्क स्थापित होगा।
चंबल नदी पर बनेगा हाई लेवल ब्रिज
राजस्थान के चंबल नदी पर 256 करोड़ रुपये की लागत से एक तीन-लेन हाई-लेवल ब्रिज बनाया जाएगा, जिससे कोटा और बूंदी जिलों के बीच कनेक्टिविटी मजबूत होगी। यह पुल चंबल ढीबरी से चांणदा खुर्द के बीच राज्य मार्ग-120 पर बनाया जाएगा, और राष्ट्रीय वन्यजीव बोर्ड की मंजूरी भी मिल चुकी है। पुल बनने से कोटा, बारां और बूंदी समेत आस-पास के क्षेत्रों के लोगों को फायदा मिलेगा, खासकर इंद्रगढ़-ललितपुर मार्ग पर यात्राओं में समय की बचत होगी। निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है और इसके पूरा होने के बाद काम शुरू होगा।
कोटा-बूंदी कनेक्टिविटी को मिलेगी रफ्तार
लोक निर्माण विभाग ने चंबल नदी पर प्रस्तावित पुल निर्माण के लिए निविदा प्रक्रिया पूरी कर ली है और भूमि अधिग्रहण से जुड़ी गजट अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार भूमि अधिग्रहण की राशि संबंधित एसडीएम को ट्रांसफर की जा चुकी है। इटावा क्षेत्र में 3.95 हेक्टेयर और सवाई माधोपुर के खंडार क्षेत्र में 2.55 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है, जिसमें लगभग 25 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। यह इटावा क्षेत्र का पहला तीन लेन वाला पुल होगा, जिसके निर्माण से कोटा, बूंदी और बारां जिलों को सीधा लाभ मिलेगा। पीपल्दा, इटावा और बारां क्षेत्र से दिल्ली जाने वाले यात्रियों को दिल्ली–मुंबई एक्सप्रेसवे तक आसान पहुंच मिलेगी, वहीं लाखेरी और इंद्रगढ़ के पास बने इंटरचेंज तक पहुंचना भी सुगम हो जाएगा।
कोटा आना होगा आसान
इस पुल के निर्माण से जयपुर जाने वाले यात्रियों को भी एक नया और सीधा वैकल्पिक मार्ग मिलेगा, वहीं बूंदी जिले के लाखेरी और इंद्रगढ़ क्षेत्र के लोगों के लिए कोटा आना काफी आसान हो जाएगा। अधिशासी अभियंता हेमराज चौधरी ने बताया कि भूमि अवाप्ति से संबंधित सभी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं और जल्द ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। यह हाई लेवल ब्रिज हाड़ौती क्षेत्र के लिए विकास, बेहतर कनेक्टिविटी और आवागमन की नई रफ्तार लेकर आएगा।
