इंदौर में बंजर और पथरीली जमीन को हरा-भरा बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। वन विभाग ने “पेड़ लगाओ–पानी बचाओ” अभियान के तहत दतौनी पुलिस फायरिंग रेंज क्षेत्र में 24 हजार पौधे लगाने का लक्ष्य तय किया है। मानसून से पहले ही गड्ढे खोदने और तैयारियां तेज कर दी गई हैं, ताकि पौधारोपण समय पर पूरा किया जा सके।
इंदौर फॉरेस्ट रेंज की अधिकारी संगीता ठाकुर के अनुसार, दतौनी पुलिस फायरिंग रेंज का यह प्रोजेक्ट देवगुराड़िया पहाड़ी से लगभग 3 किलोमीटर दूर सनावदिया में स्थित 63 हेक्टेयर राजस्व जमीन पर दो चरणों में लागू किया जा रहा है। क्षेत्र का अधिकांश हिस्सा पहाड़ी और ढलान वाला है, जहां लाल मुरम, पत्थर और कुछ जंगली पेड़ ही मौजूद हैं।
इंदौर
पहले चरण में 24 हेक्टेयर में 24 हजार पौधे लगाए जाएंगे। इस दौरान परिसर में पौधों की नर्सरी और पानी की टंकी भी बनाई जाएगी, ताकि सिंचाई और संरक्षण की स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित हो। पहले चरण में लगभग 25 लाख रुपए खर्च किए जाएंगे, जबकि दूसरे चरण में भी 16 हेक्टेयर क्षेत्र में जल संरचना और तालाब बनाकर लगभग 25 लाख रुपए के विकास कार्य प्रस्तावित हैं।
जल संरचना
वन विभाग 16 हेक्टेयर क्षेत्र में छोटे-छोटे तालाब और अन्य जल संरचनाओं का विकास करेगा। इसका उद्देश्य वर्षा जल संरक्षण और भूजल स्तर में सुधार करना है, ताकि पौधों की बेहतर वृद्धि सुनिश्चित हो सके। पथरीले इलाके में पानी की कमी बड़ी चुनौती है, इसलिए पास की खदानों में भरे पानी का उपयोग करके पंप के माध्यम से टंकी तक पहुंचाया जाएगा।
रेवती रेंज का सफल उदाहरण
दो साल पहले रेवती रेंज में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया गया। 2024 में 11 लाख से अधिक पौधे रोपे गए, जबकि 2025 में भी 51 हजार से ज्यादा पौधे लगाए गए। इस दौरान नीम, पीपल, जामुन सहित अन्य प्रजातियों के पौधे लगाए गए। पहले लगाए गए पौधे अब जीवित हैं और क्षेत्र में हरियाली साफ दिखाई देने लगी है।
वन विभाग का दावा है कि इस पहल से दतौनी पुलिस फायरिंग रेंज की बंजर जमीन में हरियाली लौटेगी और पर्यावरणीय संतुलन मजबूत होगा। आने वाले वर्षों में ऐसे अभियान इंदौर और आसपास के क्षेत्रों में हरित भविष्य सुनिश्चित करने में मदद करेंगे।
