इंदौर के एमवाय अस्पताल में हुई दर्दनाक घटना को लेकर पूरे प्रदेश में गुस्सा भड़क गया है। अस्पताल में नवजात बच्चियों की मौत और चूहों द्वारा बच्ची की उंगलियां काटे जाने की घटना को जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) ने “चूहा कांड” नाम दिया है और इसे प्रदेश की सबसे शर्मनाक व दिल दहला देने वाली घटना करार दिया है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस
जयस के राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट लोकेश मुजाल्दा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सरकार जिम्मेदार डीन और अस्पताल अधीक्षक जैसे अधिकारियों को बचा रही है। घटना के कई दिन गुजरने के बावजूद दोषियों पर न तो निलंबन की कार्रवाई हुई है और न ही उनके खिलाफ गैरइरादतन हत्या का प्रकरण दर्ज हुआ है।
मुजाल्दा ने बताया कि माननीय उच्च न्यायालय की डबल बेंच ने इस घटना पर स्वतः संज्ञान लेते हुए प्रकाशित खबर के आधार पर जनहित याचिका भी स्वीकार कर ली है। यह प्रदेश सरकार की लापरवाही और गैरजिम्मेदाराना रवैये को उजागर करता है।
PM के कार्यक्रम का भी होगा विरोध
लोकेश मुजाल्दा ने कहा कि जब इंदौर और धार की मासूम बच्चियां अस्पताल की लापरवाही की शिकार हो रही हैं, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन मनाना और स्वस्थ नारी-सशक्त परिवार जैसे कार्यक्रम करना बेहद असंवेदनशील कदम है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार बच्चियों के न्याय की बजाय दोषियों को बचाने में लगी है और उसी दौरान प्रधानमंत्री के हाथों “आदि सेवा पर्व” शुरू करने की तैयारी कर रही है।
मुजाल्दा ने साफ चेतावनी दी कि धार की धरती पर मासूम बच्ची की लाश पर प्रधानमंत्री का जन्मदिन नहीं मनाने दिया जाएगा। जब तक बच्चियों को न्याय नहीं मिलता, तब तक जयस आंदोलन जारी रखेगा।
चरणबद्ध आंदोलन की रूपरेखा
जयस ने “जनआक्रोश आंदोलन-एमवाय इंदौर” का ऐलान किया है, जो चरणबद्ध तरीके से चलेगा।
- 15 सितम्बर: प्रदेश के सभी जिलों में कलेक्टर कार्यालयों पर ज्ञापन सौंपे जाएंगे। इसमें अस्पताल के डीन, अधीक्षक और अन्य दोषी अधिकारियों को तुरंत निलंबित करने और उन पर गैरइरादतन हत्या का केस दर्ज करने की मांग होगी। साथ ही, धार और देवास की बच्चियों को न्याय दिलाने और प्रधानमंत्री के जन्मदिन कार्यक्रम का विरोध दर्ज कराया जाएगा।
- 17 सितम्बर: प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर बदनावर में आयोजित “स्वस्थ नारी – सशक्त परिवार” कार्यक्रम में जयस कार्यकर्ता बड़ी संख्या में पहुँचकर विरोध करेंगे और प्रधानमंत्री से सीधे बच्चियों के न्याय की मांग करेंगे।
- 21 सितम्बर: इंदौर के एमवाय अस्पताल पर एक विशाल जनआक्रोश आंदोलन होगा। इसमें प्रदेशभर से 50 से अधिक सामाजिक संगठन शामिल होंगे। सभी संगठन एकजुट होकर मासूम बच्चियों के न्याय और दोषी अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग करेंगे।
समाज के हर वर्ग से समर्थन
जयस के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि यह आंदोलन अब केवल जयस का नहीं रहेगा, बल्कि समाज के हर वर्ग के लोग इसमें शामिल होंगे। भीम आर्मी, करणी सेना, ओबीसी महासभा, जन स्वास्थ्य अभियान समेत कई संगठनों ने पहले ही साथ आने का ऐलान कर दिया है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में जयस छात्र संगठन के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल बघेल, प्रदेश अध्यक्ष पवन डावर, भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष विशाल करोसिया, करणी सेना के जिलाध्यक्ष, जयस छात्र संगठन के पवन अहिरवार और अन्य प्रतिनिधि मौजूद रहे।
मुजाल्दा ने कहा कि जब तक दोषी अधिकारियों को निलंबित कर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं होती, तब तक आंदोलन लगातार चलता रहेगा और हर दिन बड़ा रूप लेता जाएगा।
