भोपाल | मध्यप्रदेश (MP) में शहरी विकास को नई दिशा देने और निवेश को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 11 जुलाई को इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में “मध्यप्रदेश ग्रोथ कॉन्क्लेव 2025-सिटीज ऑफ टुमॉरो” का आयोजन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इस उच्चस्तरीय कॉन्क्लेव का शुभारंभ करेंगे और रियल एस्टेट, होटल, पर्यटन और इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र के निवेशकों से सीधा संवाद करेंगे।
इस कार्यक्रम में देशभर से 1500 से अधिक निवेशक, उद्योगपति और कॉर्पोरेट प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे। मुख्यमंत्री दोपहर 1:30 बजे एक्जीबिशन का अवलोकन करेंगे और 3 बजे दीप प्रज्ज्वलन के साथ कॉन्क्लेव का उद्घाटन करेंगे। इस मौके पर नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, विभागीय वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न संस्थानों के प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे।
लघु फिल्में होंगी प्रदर्शित
कॉन्क्लेव में क्रेडाई, नगर निगम, आईडीए, हाउसिंग बोर्ड, मेट्रो, स्मार्ट सिटी, एलआईसी और हुडको सहित कई संस्थाएं शहरी विकास से जुड़ी योजनाओं की प्रदर्शनी लगाएँगी। आयोजन में चार तकनीकी सत्र होंगे, जिनमें शहरी उत्कृष्टता, हरित शहरीकरण, यातायात प्रबंधन और स्मार्ट तकनीकों पर चर्चा की जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव इस अवसर पर “MP लॉकर”, “ET अर्बन ट्रांसफॉर्मेशन समिट 2025” ब्रोशर का विमोचन, “सौगात” का उद्घाटन और एमओयू साइनिंग करेंगे। इसके साथ ही, निवेशकों को प्रशस्ति पत्र दिए जाएंगे और शहरीकरण पर आधारित लघु फिल्में भी प्रदर्शित होंगी।
अफोर्डेबल हाउसिंग
प्रदेश सरकार शहरी विकास के लिए मेट्रो, ई-बस, अफोर्डेबल हाउसिंग, स्मार्ट रोड, ई-गवर्नेंस, वाटरफ्रंट डेवेलपमेंट जैसे क्षेत्रों में निवेश के व्यापक अवसर प्रदान कर रही है। अभी तक 8.32 लाख किफायती आवास बन चुके हैं और 10 लाख आवास निर्माणाधीन हैं, जिनमें 50,000 करोड़ का निवेश संभावित है। प्रदेश के शहरी क्षेत्रों में 17,230 बुनियादी योजनाएँ क्रियान्वित हैं। ई-गवर्नेंस के तहत, 23 सेवाएं ऑनलाइन हैं और निर्माण स्वीकृति की प्रक्रिया सेंट्रलाइज पोर्टल से हो रही है। वॉटरफ्रंट डेवेलपमेंट पर 2,000 करोड़ और स्वच्छ पर्यावरण हेतु 2,800 करोड़ की परियोजनाएं संचालित हैं।
इलेक्ट्रिक वाहन नीति लागू
प्रदेश में इलेक्ट्रिक वाहन नीति 2025 लागू की गई है, जिसके तहत 552 ई-बसें संचालित की जा रही हैं। ₹21,000 करोड़ की परिवहन परियोजनाएं भी तेज़ी से चल रही हैं। इंदौर में होने वाला यह ग्रोथ कॉन्क्लेव प्रदेश की शहरी विकास योजनाओं को नई रफ्तार देगा और निवेशकों के लिए एक भरोसेमंद मंच साबित होगा।
