इंदौर के भंवरकुआ थाना क्षेत्र में साइबर ठगी का एक और मामला सामने आया है, जिसमें ठगों ने क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का लालच देकर निजी कंपनी के स्टोर मैनेजर से करीब 98 हजार रुपए ठग लिए। घटना के बाद पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
भंवरकुआ पुलिस के अनुसार कमलेश पांडे, जो रफेली कॉलोनी बाणगंगा के निवासी हैं और एक निजी कंपनी में स्टोर मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं, उन्हें 13 जनवरी की दोपहर एक फोन कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को एक्सिस बैंक का अधिकारी बताया और कहा कि उनके क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने के लिए मोबाइल पर भेजे गए टेक्स्ट मैसेज में दिए गए लिंक पर क्लिक करना होगा। आरोपी ने भरोसा जीतने के लिए बैंकिंग प्रक्रिया का हवाला देते हुए पीड़ित को तुरंत लिंक खोलने के लिए कहा।
इंदौर में साइबर ठगी
पीड़ित के अनुसार, जैसे ही उन्होंने मोबाइल पर आए लिंक को खोला, एक नया पेज खुल गया। उस पेज पर क्रेडिट कार्ड से संबंधित कुछ चार्ज भरने का फॉर्म दिखाई दिया। पीड़ित ने जैसे ही उस फॉर्मेट को ओपन किया, उनके बैंक खाते से दो अलग-अलग ट्रांजैक्शन में 98 हजार रुपए से अधिक की राशि कट गई। पैसे कटने का मैसेज मिलते ही उन्हें ठगी का एहसास हुआ।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
राशि कटने के तुरंत बाद पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन पर संपर्क किया और पूरे मामले की जानकारी दी। इसके बाद उन्होंने भंवरकुआ थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने प्राथमिक जांच के बाद अज्ञात खाताधारकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस अब बैंक ट्रांजैक्शन और मोबाइल नंबर की जानकारी के आधार पर आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है।
सतर्क रहने की सलाह
मामले के बाद पुलिस ने नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। पुलिस का कहना है कि बैंक कभी भी फोन कॉल, मैसेज या लिंक के माध्यम से व्यक्तिगत जानकारी या भुगतान की मांग नहीं करते। लोगों से कहा गया है कि किसी भी संदिग्ध कॉल या लिंक पर क्लिक करने से बचें और बैंकिंग से जुड़ी जानकारी किसी से साझा न करें। किसी भी तरह की ठगी की आशंका होने पर तुरंत साइबर हेल्पलाइन या नजदीकी थाने में शिकायत दर्ज कराएं।
