देश | जम्मू-कश्मीर में माता वैष्णो देवी मंदिर जाने वाले मार्ग पर बड़ा हादसा हो गया। यहां भूस्खलन की चपेट में आने से 34 श्रद्धालुओं की मौत हो गई, जिनमें उत्तर प्रदेश के 11 लोग भी शामिल हैं। इस दुखद हादसे पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है और अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी शवों को जल्द से जल्द और सम्मानपूर्वक उनके घर तक पहुंचाया जाए।
जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में माता वैष्णो देवी मंदिर के रास्ते पर हुए भूस्खलन में 34 श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौत हो गई, जिनमें उत्तर प्रदेश के 11 लोग भी शामिल हैं। इस घटना से पूरे देश में शोक की लहर है।
34 श्रद्धालुओं की हुई मौत
जम्मू में पिछले चार दिनों से लगातार हो रही भारी बारिश ने हालात गंभीर बना दिए हैं। पिछले 24 घंटों में रिकॉर्ड 380 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो अब तक का सबसे ज्यादा आंकड़ा है। तेज बारिश के चलते जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में माता वैष्णो देवी मंदिर जाने वाले रास्ते पर अर्धकुंवारी के पास भयानक भूस्खलन हो गया। पहाड़ी से अचानक बड़े-बड़े पत्थर और मलबा गिरने से कई श्रद्धालु उसकी चपेट में आ गए। इस दर्दनाक हादसे में 34 लोगों की मौत हो गई, जबकि 20 से अधिक लोग घायल हुए हैं। घायलों का इलाज जम्मू के अलग-अलग अस्पतालों में जारी है।
योगी सरकार ने की मदद की घोषणा
जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में हुए भूस्खलन हादसे को लेकर उत्तर प्रदेश सरकार ने पीड़ित परिवारों के लिए मदद का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि शवों को सम्मानपूर्वक उनके घर भेजा जाए और घायलों के इलाज में किसी भी तरह की लापरवाही न हो। अब तक इस घटना में उत्तर प्रदेश के 11 मृतकों की पहचान हो चुकी है।
जम्मू-कश्मीर के वैष्णो देवी यात्रा मार्ग पर हुआ हादसा अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
इस प्राकृतिक आपदा में काल-कवलित हुए उत्तर प्रदेश निवासियों के परिजनों को ₹04-04 लाख की आर्थिक सहायता एवं प्रत्येक पार्थिव शरीर को सम्मानपूर्वक घर तक पहुंचाने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।
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— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) August 27, 2025
राहत-बचाव कार्य जारी
जम्मू-कश्मीर में हुए भूस्खलन के बाद राहत और बचाव कार्य तेज़ी से जारी है। इस मिशन में NDRF, भारतीय सेना और स्थानीय प्रशासन पूरी तरह से सक्रिय हैं। वहीं, भारतीय वायुसेना ने भी मोर्चा संभालते हुए C-130 विमान से राहत सामग्री भेजी है और Mi-17 V5 व चिनूक हेलीकॉप्टरों को भी standby पर रखा गया है। हालात को देखते हुए श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने यात्रियों के लिए नई एडवाइजरी जारी करते हुए यात्रा को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया है।
UP के 11 श्रद्धालुओं की मौत
उत्तर प्रदेश के कुल 11 श्रद्धालुओं की इस हादसे में मौत हुई है। इनमें आगरा और मुजफ्फरनगर से 3-3 लोग, बरेली से 1 और अन्य जिलों से 4 लोग शामिल हैं। बागपत की रहने वाली बहनें चांदनी (23) और नीरा (36) भी इस हादसे का शिकार हो गईं। चांदनी की शादी इसी साल अप्रैल में खेकड़ा निवासी मयंक गोयल से हुई थी, जबकि नीरा मेरठ के अमित जौहरी की पत्नी थीं। हादसे में मयंक, अमित और उनकी 10 वर्षीय बेटी विधि गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनका इलाज अस्पताल में जारी है। परिजनों को इस दुखद घटना की जानकारी एक अस्पताल कर्मचारी के फोन से मिली, जिसके बाद वे तुरंत जम्मू रवाना हो गए।
