दिल्ली-एनसीआर में ठंड और तेज हवाओं ने मिलकर लोगों के लिए राहत का माहौल बनाया है। हाल ही तक राजधानी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) खतरनाक स्तर 800 तक पहुंच गया था, लेकिन अब तेज हवाओं और मौसम की वजह से यह 200-250 के बीच आ गया है। इसके चलते शहर में प्रदूषण कम हुआ है और सांस लेना अब पहले से कहीं आसान हो गया है।
दिल्ली-एनसीआर के निवासियों के लिए ठंडी हवाओं और शीतलहर के बीच एक राहत की खबर है। तेज हवाओं के चलते राजधानी की वायु गुणवत्ता में सुधार हुआ है, जिससे लोगों को जहरीली हवा से बड़ी राहत मिली है।
हवाओं ने घटाया प्रदूषण
दिल्ली-एनसीआर के निवासियों के लिए अच्छी खबर है। कड़ाके की ठंड और तेज हवाओं के चलते राजधानी की हवा में सुधार हुआ है। इस मौसम की वजह से वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) लगभग 200 के करीब पहुंच गया है, जिससे पहले की तुलना में प्रदूषण में राहत मिली है। ठंड के बावजूद यह बदलाव स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद साबित हो रहा है।
AQI में हुआ सुधार
दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार देखने को मिला है। विशेषज्ञों के अनुसार तेज हवाओं ने हवा में मौजूद PM 2.5 और PM 10 जैसे सूक्ष्म कणों को दूर किया है, जिससे प्रदूषण की मोटी चादर हट गई और दृश्यता भी बेहतर हुई है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक दिल्ली का औसत AQI 269 है, जबकि गुरुग्राम में 196, नोएडा में 204, फरीदाबाद में 194 और गाजियाबाद में 208 दर्ज किया गया, जो पहले की तुलना में काफी बेहतर स्थिति दर्शाते हैं।
प्रदूषण घटने का कारण
दिल्ली में वायु प्रदूषण में हाल ही में गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, पहाड़ों से आने वाली तेज और ठंडी हवाओं ने राजधानी में जमा प्रदूषकों को फैलाकर हवा साफ की है। हवा में नमी कम होने और तेज हवाओं के कारण पीएम 2.5 जैसे घातक कण जमीन के पास टिक नहीं पा रहे हैं। हालांकि, नेहरू नगर और जहांगीरपुरी जैसे कुछ ‘हॉटस्पॉट’ इलाकों में स्थानीय कारणों से अभी भी प्रदूषण का स्तर उच्च बना हुआ है।
