दक्षिण भारत के तटीय इलाकों में चक्रवाती तूफान ‘दित्वा’ (Ditwah) का खतरा बढ़ता जा रहा है। नवीनतम मौसम अपडेट के अनुसार तूफान उत्तरी तमिलनाडु और पुडुचेरी के तटों के करीब पहुंच गया है, जिससे पूरे क्षेत्र में मौसम बेहद खराब हो गया है। प्रशासन ने सुरक्षा के लिए NDRF और SDRF को हाई-अलर्ट पर रखा है। इसी के चलते चेन्नई एयरपोर्ट ने रविवार को कुल 47 उड़ानें रद्द कर दी हैं।
दक्षिण भारत के तटीय इलाकों में चक्रवाती तूफान ‘दित्वा’ का खतरा बढ़ता जा रहा है। मौसम विभाग के नवीनतम अपडेट के अनुसार यह तूफान उत्तरी तमिलनाडु और पुडुचेरी तटों के करीब पहुँच गया है, जिसके कारण पूरे क्षेत्र में मौसम अत्यधिक खराब हो गया है और प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है।
#WATCH | Chennai, Tamil Nadu | Strong winds and rough sea conditions witnessed in the capital city as the effect of #CycloneDitwah intensifies. Visuals from Marina Beach.
As per IMD, the cyclone is to make landfall today pic.twitter.com/fvOd1By8g1
— ANI (@ANI) November 30, 2025
‘दित्वा’ तूफान ने पकड़ी रफ्तार
आज देर रात, 29 नवंबर को चक्रवाती तूफान दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में उत्तरी तमिलनाडु और पुडुचेरी तटों के पास केंद्रित था। यह वेदारण्यम से लगभग 90 किमी पूर्व-उत्तरपूर्व, कराईकल से 90 किमी पूर्व-दक्षिणपूर्व और पुडुचेरी से 160 किमी दक्षिण-दक्षिणपूर्व की दूरी पर स्थित था।
#WATCH | High tides, strong winds and rainfall witnessed in Puducherry as the effect of #CycloneDitwah intensifies.
As per IMD, the cyclone is to make landfall today
(Visuals from Gandhi Beach) pic.twitter.com/FHlMOslVYD
— ANI (@ANI) November 30, 2025
हवाई यातायात हुई प्रभावित
चक्रवाती तूफान ‘दित्वा’ के चलते तमिलनाडु में तेज हवाएं और भारी बारिश हो रही हैं, जिससे हवाई यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। चेन्नई एयरपोर्ट ने रविवार के लिए कुल 47 उड़ानें रद्द कर दी हैं, जिनमें 36 घरेलू और 11 अंतरराष्ट्रीय उड़ानें शामिल हैं। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे एयरपोर्ट जाने से पहले अपनी एयरलाइन से उड़ानों का अपडेटेड शेड्यूल जरूर जांच लें ताकि किसी भी असुविधा से बचा जा सके।
NDRF और SDRF हाई-अलर्ट पर
चक्रवाती तूफान के लैंडफॉल के खतरे को देखते हुए गुजरात के वडोदरा से NDRF की 5 अतिरिक्त टीमें चेन्नई भेजी गई हैं। ये टीमें FWR और CSSR जैसे आवश्यक उपकरणों से लैस हैं और किसी भी आपातकालीन बचाव कार्य के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
